पंजाब में जालंधर और अमृतसर में हुए धमाके के बाद पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने कि ऐसा लगता है कि पाकिस्तान की आईएसआई ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की पहली वर्षगांठ से पहले राज्य में हालात बिगाड़ने की कोशिश कर रही है। डीजीपी यादव ने बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा, “आज मैं अमृतसर गया था, जहां मैंने कल सेना क्षेत्र में हुए कम तीव्रता वाले धमाके वाली जगह का मुआयना किया। घटनास्थल का दौरा करने के बाद, मैंने सेना के अधिकारियों से मिलकर आपसी सुरक्षा चिंताओं पर चर्चा की। इसके बाद, मैंने अमृतसर कमिश्नरेट और सीमा रेंज के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठकें कीं, ताकि सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की जा सके और आवश्यक निर्देश दिए जा सकें।”
मंगलवार रात करीब 10:50 बजे खासा आर्मी कैंप की चारदीवारी के पास कम तीव्रता वाले धमाके की सूचना मिली। यह घटना जालंधर में बीएसएफ मुख्यालय के पास हुए एक धमाके के ठीक दो घंटे बाद हुई।
डीजीपी ने आगे बताया कि अमृतसर ग्रामीण के एसएसपी सहित पंजाब पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे, जबकि सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के बम निरोधक दस्ते और फोरेंसिक टीमों को भी तैनात किया गया। उन्होंने कहा कि इलाके को पूरी तरह से सैनिटाइज किया गया और वैज्ञानिक जांच के लिए प्रदर्शनी सामग्री और नमूने इकट्ठा किए गए। कानून की संबंधित धाराओं के तहत एक एफआईआर दर्ज की गई है। सेना और अन्य एजेंसियों के साथ मिलकर जांच आगे बढ़ रही है। हम सभी स्रोतों से जानकारी जुटा रहे हैं।
चल रही जांच का विवरण देते हुए, उन्होंने आगे कहा कि कई टीमें काम पर लगी हुई हैं, जो ह्यूमन इंटेलिजेंस, टेक्निकल इंटेलिजेंस और फोरेंसिक सबूतों का विश्लेषण कर रही हैं। एक व्यवस्थित, वैज्ञानिक और बारीकी से जांच चल रही है। हालांकि धमाका कम तीव्रता वाला था, लेकिन डिवाइस की सटीक प्रकृति और धमाके का स्वरूप फोरेंसिक जांच पूरी होने के बाद ही पता चल पाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक किसी भी समूह ने इस घटना की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन उन्होंने इसमें पाकिस्तान के संभावित जुड़ाव की ओर इशारा किया।
उन्होंने आगे कहा, “अभी तक किसी ने भी इस घटना की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन हमारा मानना है कि यह ऑपरेशन ब्लू स्टार की बरसी पर पंजाब में अशांति फैलाने के लिए पाकिस्तान की आईएसआई की साजिश का हिस्सा हो सकता है। पंजाब देश की ओर से पाकिस्तान के खिलाफ एक प्रॉक्सी युद्ध लड़ रहा है। हम दोषियों को पकड़ने के लिए तालमेल बिठाकर जांच को आगे बढ़ाएंगे।
पत्रकारों को संबोधित करते हुए सीएम मान ने दावा किया कि इन छोटे धमाकों की जांच चल रही है। यह पंजाब में चुनावों के लिए भाजपा की तैयारियों का हिस्सा है। जिस भी राज्य में उन्हें चुनाव लड़ना होता है, वे पहले दंगे भड़काते हैं, छोटे पैमाने पर धमाके करवाते हैं, आपस में झगड़े करवाते हैं, और लोगों को धर्म और जाति के आधार पर बांटते हैं। इसका मतलब है कि ये पंजाब के लिए भाजपा की तैयारियां हैं। उन्होंने आगे कहा कि पूरी तरह से शांति बनाए रखी जाएगी, कानून-व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी और दोषियों को कड़ी सजा दी जाएगी। मैं भाजपा से कहना चाहता हूं कि पंजाब ने कई बुरे दिन देखे हैं। पंजाब के लोग अब ऐसी बातें बर्दाश्त नहीं करेंगे। पंजाबी लोग शांति पसंद करने वाले लोग हैं।
केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने मीडिया से कहा, “पंजाब न सिर्फ़ एक सेंसिटिव बॉर्डर वाला राज्य है, बल्कि बॉर्डर पार हिंसा से भी इसका पुराना नाता रहा है। हमारा पश्चिमी पड़ोसी आतंकवाद को सरकारी पॉलिसी के टूल की तरह इस्तेमाल कर रहा है और इसे एक्सपोर्ट कर रहा है। सोशल मीडिया पर खालिस्तान लिबरेशन आर्मी ने तो जालंधर हमले की ज़िम्मेदारी भी ली है। इसलिए, यह और भी दुख की बात है कि पंजाब के मुख्यमंत्री मान साहब अजीब बात कह रहे हैं। उन्होंने कहा कि ये धमाके छोटे हैं और उन्होंने यह भी कहा कि हो सकता है कि बीजेपी ने इसे करवाया हो। उनके अपने डायरेक्टर जनरल ऑफ़ पुलिस गौरव यादव ने साफ़ कहा है कि यह ISI का सपोर्टेड ऑपरेशन है। यह ऑपरेशन सिंदूर की एनिवर्सरी से पहले किया जा रहा है उनके DGP यह कह रहे हैं। लेकिन मान साहब, मुझे नहीं पता कि उन्होंने यह बयान किस समय दिया। लेकिन यह बहुत दुख की बात है।
केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि मुझे पता है कि पश्चिम बंगाल में हाल के चुनाव नतीजों ने विपक्ष में हमारे कुछ साथियों को बहुत परेशानी दी है। इतने सालों के बाद BJP बंगाल जैसे राज्य में बड़ी बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है। लेकिन मुख्यमंत्री के इस बयान से मुझे उम्मीद है कि उनमें इतनी समझदारी और राजनीतिक समझ है कि वे जो कहा है उसे वापस ले लें।
वहीं, बीजेपी नेता राघव चड्ढा ने कहा कि बीते कुछ घंटों में पंजाब दो बम ब्लास्ट हुए हैं एक जालंधर और दूसरा अमृतसर। हम इसकी निंदा करते हैं। स्थिति चिंताजनक है ये बम ब्लास्ट पंजाब की अमन और अशांति के साथ खिलवाड़ करने की कोशिश है पंजाब के DGP साहब ने मौके पर जाकर और शुरूआती जांच में ये पाया कि इस वारदात के पीछे पाकिस्तान के ISI का हाथ है। दूसरी पंजाब के सीएम बयान दे रहे हैं कि इस वारदात के पीछे पाकिस्तान के ISI का हाथ नहीं है बल्कि भाजपा का हाथ है। तो मैं सीधे तौर पर पूछना चाहता हूं कि पंजाब के सीएम पाकिस्तान के ISI को क्यों क्लीन चिट देना चाहते हैं और क्या भाजपा से उनकी इतनी दुश्मनी हो गई है कि उन्हें पाकिस्तान के ISI के गोद में जाकर बैठना पड़ रहा है।उनका बयान बहुत चिंताजनक है इसे गंभीरता से लेना चाहिए और उनकी ऐसी क्या मजबूरी है कि उन्हें ऐसे बयान देने पड़ रहे हैं।” (इनपुट-एजेंसी)


