रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि अरुणाचल फ्रंटियर हाईवे पूर्वोत्तर क्षेत्र, खासकर सीमावर्ती इलाकों को जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगा। नई दिल्ली स्थित मानेकशॉ सेंटर में आयोजित मेजर बॉब खाथिंग मेमोरियल कार्यक्रम में उन्होंने इस हाईवे को पूरे क्षेत्र और देश के लिए महत्वपूर्ण बताया।
करीब 2000 किलोमीटर लंबा यह हाईवे सीमा क्षेत्र में बेहतर कनेक्टिविटी और आर्थिक विकास को बढ़ावा देगा। रक्षामंत्री ने कहा कि तवांग जैसे क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने से पूर्वोत्तर को शेष भारत के करीब लाने में मदद मिलेगी।
रक्षा मंत्री ने मेजर बॉब खाथिंग के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने पूर्वोत्तर की प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया। रक्षामंत्री ने बताया कि मेजर खाथिंग के नेतृत्व और सुधारों से आज भी सरकार को प्रेरणा मिलती है। उन्होंने सशस्त्र सीमा बल (SSB) और नागालैंड सशस्त्र पुलिस के गठन में अहम भूमिका निभाई, जिससे क्षेत्र में शांति स्थापना हुई और जनता और सरकार के बीच दूरी कम हुई।
रक्षामंत्री ने कहा कि सरकार विदेश नीति और प्रशासन में भी मेजर खाथिंग के सिद्धांतों को अपना रही है। उन्होंने बताया कि भारत अब सख्त और नरम शक्ति का संतुलन बनाकर अपनी वैश्विक स्थिति मजबूत कर रहा है। प्रशासनिक सुधारों का जिक्र करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार की ‘मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस’ और ‘गुड गवर्नेंस’ जैसी पहल से प्रशासन अब जनता के करीब आ गया है। उन्होंने डिजिटल इंडिया और जैम ट्रिनिटी (जन धन-आधार-मोबाइल) का भी उल्लेख किया, जिससे सरकारी सेवाएं अब लोगों के लिए अधिक सुलभ और सरल हो गई हैं।