विधान परिषद चुनाव नतीजों पर भाजपा नेताओं की प्रतिक्रिया, सीएम योगी ने दी बधाई

उत्तर प्रदेश विधान परिषद (एमएलसी) चुनावों के नतीजों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रतिक्रिया दी है। योगी आदित्यनाथ ने विजयी उम्मीदवारों को बधाई दी, जबकि शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस के प्रदर्शन पर कटाक्ष करते हुए पार्टी पर निशाना साधा।

योगी आदित्यनाथ ने विजयी उम्मीदवारों को दी बधाई

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधान परिषद के स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के द्विवार्षिक चुनाव-2026 में विजयी हुए सभी उम्मीदवारों को बधाई दी। उन्होंने विश्वास जताया कि निर्वाचित प्रतिनिधि शिक्षकों और स्नातकों की आकांक्षाओं को प्रभावी आवाज देंगे। साथ ही, उनके हितों की रक्षा, शिक्षा के विकास और प्रदेश की प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान करेंगे।

शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस पर कसा तंज

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कांग्रेस पर कटाक्ष करते हुए लिखा, “लगता है आर्यभट्ट ने शून्य का आविष्कार कांग्रेस के लिए ही किया था। नेतृत्व शून्य, नीति शून्य और परिणाम भी शून्य।” उन्होंने आगे कहा कि अलग-अलग राज्यों में विधान परिषद के चुनाव बैलेट पेपर से हुए, लेकिन इसके बावजूद कांग्रेस अपना खाता नहीं खोल सकी।

पीएम मोदी ने भी चुनावी नतीजों पर उठाया सवाल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी एमएलसी चुनावों के नतीजों को लेकर विपक्ष, विशेषकर कांग्रेस, पर निशाना साधा था। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, बिहार और कर्नाटक की 28 विधान परिषद सीटों पर चुनाव मतपत्रों के जरिए हुए थे। उन्होंने सवाल किया कि कांग्रेस इनमें से कितनी सीटें जीत पाई।

ईवीएम पर विपक्ष की मांग के संदर्भ में टिप्पणी

प्रधानमंत्री की यह टिप्पणी ऐसे समय आई, जब कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल समय-समय पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) को लेकर सवाल उठाते रहे हैं और बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग करते रहे हैं। चुनावों में मतपत्रों के इस्तेमाल और कांग्रेस के प्रदर्शन को लेकर भाजपा नेताओं ने विपक्ष पर निशाना साधा।

28 स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के नतीजे घोषित

बिहार, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और कर्नाटक में स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की कुल 28 सीटों पर हुए चुनावों के नतीजे घोषित हो चुके हैं। मूल रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस को इन चुनावों में बड़ा झटका लगा और वह कई राज्यों में एक भी सीट जीतने में सफल नहीं रही। कर्नाटक में भी पार्टी को सभी सीटों पर हार का सामना करना पड़ा। (इनपुट: आईएएनएस)