ग्रामीण विकास को बढ़ावा, यूपी, बिहार समेत 4 राज्यों को 4,383 करोड़ रुपये की वित्तीय मदद

केंद्र सरकार ने ग्रामीण विकास को मजबूत करने के लिए बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड और महाराष्ट्र के ग्रामीण निकायों को 4,383.98 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता जारी की है। यह राशि पंद्रहवें वित्त आयोग (XV-FC) के तहत दी गई है।

यह धन पंचायत राज संस्थाओं और ग्रामीण स्थानीय निकायों को दिया गया है, जिससे गांवों में बुनियादी सुविधाओं और स्थानीय विकास कार्यों को बढ़ावा मिलेगा।

उत्तर प्रदेश को सबसे ज्यादा 2,339.10 करोड़ रुपये मिले हैं, जबकि बिहार को 1,203.60 करोड़ रुपये, झारखंड को 412.69 करोड़ रुपये और महाराष्ट्र को विभिन्न किस्तों के तहत अलग-अलग राशि जारी की गई है।

सरकार के अनुसार, यह राशि “टाइड” और “अनटाइड” ग्रांट के रूप में दी जाती है। टाइड ग्रांट का उपयोग साफ-सफाई, ओडीएफ (खुले में शौच मुक्त) स्थिति बनाए रखने, कचरा प्रबंधन और पीने के पानी जैसी जरूरी सेवाओं के लिए किया जाएगा।

वहीं, अनटाइड ग्रांट का इस्तेमाल पंचायतें अपनी स्थानीय जरूरतों के अनुसार विकास कार्यों में कर सकती हैं, लेकिन इसका उपयोग वेतन या प्रशासनिक खर्चों के लिए नहीं किया जा सकता।

सरकार ने बताया कि यह फंड वित्त मंत्रालय द्वारा जारी किया जाता है, जबकि इसकी सिफारिश पंचायती राज मंत्रालय और जल शक्ति मंत्रालय करते हैं। यह राशि हर वित्तीय वर्ष में दो किस्तों में दी जाती है।

इस कदम से ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएं बेहतर होंगी और स्थानीय स्तर पर विकास कार्यों को गति मिलेगी।