ब्रिटेन के प्रधानमंत्री सर कीर स्टार्मर दो दिवसीय यात्रा पर भारत पहुंच गए हैं। आज बुधवार सुबह वह मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचे, जहां महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजित पवार तथा महाराष्ट्र के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने उनका स्वागत किया।
पीएम स्टार्मर कल गुरुवार को मुंबई के राजभवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे और कल ही जियो वर्ल्ड सेंटर में सीईओ फोरम और ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2025 कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे।
आधिकारिक बयान के अनुसार, 9 अक्टूबर को सुबह लगभग 10 बजे, प्रधानमंत्री मोदी मुंबई में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री सर कीर स्टार्मर की मेज़बानी करेंगे। दोपहर लगभग 1:40 बजे, दोनों देशों के प्रधानमंत्री मुंबई के जियो वर्ल्ड सेंटर में सीईओ फोरम में भाग लेंगे। इसके बाद, दोपहर लगभग 2:45 बजे, दोनों प्रधानमंत्री ग्लोबल फिनटेक फेस्ट के छठे संस्करण में शामिल होंगे। वे फेस्ट में मुख्य संबोधन भी देंगे।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निमंत्रण पर, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री स्टार्मर 8 से 9 अक्टूबर 2025 को भारत के दौरे पर हैं। यह प्रधानमंत्री स्टारमर की भारत की पहली आधिकारिक यात्रा है।
इस यात्रा के दौरान, दोनों प्रधानमंत्री ‘विजन 2035’ के अनुरूप भारत-ब्रिटेन व्यापक रणनीतिक साझेदारी के विभिन्न पहलुओं में प्रगति की समीक्षा करेंगे। यह विज़न व्यापार और निवेश, प्रौद्योगिकी और नवाचार, रक्षा और सुरक्षा, जलवायु और ऊर्जा, स्वास्थ्य, शिक्षा और लोगों के बीच संबंधों के प्रमुख स्तंभों में कार्यक्रमों और पहलों का एक केंद्रित और समयबद्ध दस वर्षीय रोडमैप है।
दोनों नेता भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक और व्यापार समझौते (सीईटीए) द्वारा प्रस्तुत अवसरों पर व्यवसायों और उद्योग जगत के दिग्गजों के साथ चर्चा करेंगे, जो भविष्य की भारत-ब्रिटेन आर्थिक साझेदारी का एक केंद्रीय स्तंभ है। वे क्षेत्रीय और वैश्विक महत्व के मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। दोनों नेता उद्योग विशेषज्ञों, नीति निर्माताओं और नवप्रवर्तकों के साथ भी वार्तालाप करेंगे।
प्रधानमंत्री मोदी और प्रधानमंत्री स्टार्मर मुंबई के जियो वर्ल्ड सेंटर में ग्लोबल फिनटेक फेस्ट के छठे संस्करण में भी भाग लेंगे और इस अवसर पर मुख्य संबोधन भी देंगे। ग्लोबल फिनटेक फेस्ट 2025 दुनिया भर के नवप्रवर्तकों, नीति निर्माताओं, केंद्रीय बैंकरों, नियामकों, निवेशकों, शिक्षाविदों और उद्योग जगत प्रमुखों को एक साथ लाएगा। सम्मेलन का मुख्य विषय, ‘एक बेहतर दुनिया के लिए वित्त का सशक्तिकरण’- एआई, संवर्धित बुद्धिमत्ता, नवाचार और समावेशन द्वारा संचालित, एक नैतिक और स्थायी वित्तीय भविष्य को आकार देने में प्रौद्योगिकी और मानवीय अंतर्दृष्टि के अभिसरण का उल्लेख करता है।
इस वर्ष के आयोजन में 75 से अधिक देशों से 1,00,000 से अधिक प्रतिभागियों के भाग लेने की आशा है, जिससे यह दुनिया के सबसे बड़े फिनटेक सम्मेलनों में से एक बन जाएगा। इस आयोजन में लगभग 7,500 कंपनियां, 800 वक्ता, 400 प्रदर्शक और भारतीय तथा अंतर्राष्ट्रीय क्षेत्राधिकारों का प्रतिनिधित्व करने वाले 70 नियामक भाग लेंगे।
भाग लेने वाले अंतरराष्ट्रीय संस्थानों में सिंगापुर का मौद्रिक प्राधिकरण, जर्मनी का ड्यूश बुंडेसबैंक, बैंक डी फ्रांस और स्विस वित्तीय बाजार पर्यवेक्षी प्राधिकरण (फिनमा) जैसे प्रतिष्ठित नियामक शामिल हैं। उनकी भागीदारी वित्तीय नीति संवाद और सहयोग के वैश्विक मंच के रूप में जीएफएफ की बढ़ती क्षमता को रेखांकित करती है। (ANI,PIB)


