अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के खिलाफ 25वां अमेंडमेंट लागू करने की मांग हो रही है। दरअसल, ये पूरा मामला अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईस्टर की सुबह ईरान को टारगेट करते हुए अपशब्दों से भरा एक ट्रूथ सोशल पोस्ट किया था। इसके बाद अमेरिकी लॉमेकर्स उनके खिलाफ 25वां अमेंडमेंट लागू करने की मांग कर रहे हैं। अमेरिकी कांग्रेस के लोगों का कहना है कि ट्रंप शायद मानसिक तौर पर ठीक नहीं हैं।

अमेरिकी कांग्रेस के लोगों का कहना है कि ट्रंप शायद मानसिक तौर पर ठीक नहीं

कनेक्टिकट से डेमोक्रेटिक सीनेटर क्रिस मर्फी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “अगर मैं ट्रंप की कैबिनेट में होता, तो मैं ईस्टर पर कॉन्स्टिट्यूशनल वकीलों को 25वें संशोधन के बारे में बताता।”

डेमोक्रेटिक रिप्रेजेंटेटिव यासमीन अंसारी ने भी पोस्ट किया, “25वां अमेंडमेंट किसी वजह से है।” उनके एक्स पोस्ट को वेरिफाइड ओवरसाइट डेम्स अकाउंट ने शेयर किया था।

एमएसएनबीसी के पूर्व होस्ट मेहदी हसन ने लिखा, “राष्ट्रपति का ईस्टर मैसेज, जिससे वीपी और कैबिनेट को सच में 25वां संशोधन लागू करना चाहिए।”

डेमोक्रेटिक रिप्रेजेंटेटिव मेलानी स्टैंसबरी की एक और अपील में कहा गया, “सम्राट के पास कपड़े नहीं हैं। 25वें संशोधन का समय आ गया है। कांग्रेस और कैबिनेट को कार्रवाई करनी चाहिए।”

ट्रंप की पुरानी फैन मार्जोरी टेलर ग्रीन ने एक लंबा पोस्ट शेयर किया जिसमें उन्होंने अमेरिकी सरकार से ट्रंप के पागलपन में दखल देने की अपील की। उन्होंने कहा, “मैं आप सभी को और उन्हें जानती हूं। वो पागल हो चुके हैं और आप सभी इसमें शामिल हैं।”

व्हाइट हाउस के रिपोर्टर एसवी डेट ने कहा, “‘वह पागल हो चुके हैं।’ यह 25वें संशोधन का क्षेत्र होगा।”

ट्रंप के विरोधी और पुराने कांग्रेसी जो वॉल्श ने कहा, “उनकी ईस्टर की सुबह की पोस्ट। और सिर्फ 2 दिन पहले, उनके एक ‘धार्मिक सलाहकार’ ने उनकी तुलना ईसा मसीह से की थी। वह हमेशा इस देश और दुनिया पर भी एक दाग रहेंगे। अभी 25वां संशोधन हो।”

इसी तरह, ट्रंप के पहले कार्यकाल में ऐतिहासिक 11 दिनों के लिए व्हाइट हाउस कम्युनिकेशंस डायरेक्टर रह चुके एंथनी स्कारामुची ने लिखा, “यही वह समय था जब हमारे फाउंडर्स ने सोचा कि सबसे अच्छा यही होगा कि एक पागल आदमी को हटा दिया जाए जिसके पास एग्जीक्यूटिव ऑफिस है। 25वें संशोधन के साथ यह और ज्यादा औपचारिक हो गया, लेकिन अब ज्यादा लोगों को इस आदमी को हटाने की मांग करनी चाहिए।”

दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति के जिस पोस्ट को लेकर इतना बवाल मचा है, उसमें उन्होंने ईरान के लिए मंगलवार तक की चेतावनी जारी करते हुए ट्रूथ सोशल पर लिखा, “ईरान में मंगलवार का दिन ‘पावर प्लांट’ और ‘ब्रिज डे’ के रूप में जाना जाएगा, जो अपनी तरह का अनोखा होगा। मूर्ख लोगों, इस जलमार्ग (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) को तुरंत खोलो, वरना नरक जैसी स्थिति झेलने के लिए तैयार रहो-बस देखते जाओ! खुदा की जय हो।”

क्या है अमेरिका का 25वां संशोधन ?

बता दें, अमेरिका का 25वां संशोधन एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसमें उपराष्ट्रपति और कैबिनेट के ज्यादातर लोग अपनी ड्यूटी न कर पाने की वजह से राष्ट्रपति को बदलने का विकल्प चुन सकते हैं और फिर उपराष्ट्रपति प्रेसिडेंट की भूमिका निभाते हैं। (इनपुट-एजेंसी)

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