नेपाल में विनाशकारी बाढ़ के बावजूद बिहार में गंडक नदी का जलस्तर सामान्य, प्रशासन अलर्ट पर

नेपाल के रसुवा जिले में अचानक आई भीषण बाढ़ के बावजूद बिहार के गोपालगंज जिले में गंडक नदी का जलस्तर अभी सामान्य बना हुआ है। गंडक नदी नेपाल से निकलकर बिहार और उत्तर प्रदेश से होकर बहती है। खाप मकसूदपुर क्षेत्र के निवासियों ने बताया कि फिलहाल नदी में बाढ़ जैसी कोई स्थिति नहीं दिख रही है।

गोपालगंज में कोई बाढ़ का खतरा नहीं, स्थानीय लोगों ने दी जानकारी

स्थानीय निवासी सिकंदर यादव ने कहा, “अभी जलस्तर ठीक है। हमें थोड़ी चिंता जरूर थी और प्रशासन ने भी अलर्ट जारी किया था, लेकिन अभी कोई समस्या नहीं है।” एक अन्य निवासी ने बताया कि गंडक नेपाल से आती है, लेकिन यहां अभी बाढ़ का कोई असर नहीं पड़ा है। खाप मकसूदपुर के एक अन्य स्थानीय व्यक्ति ने कहा, “अगर कोई खतरा बढ़ेगा तो वह नदी में साफ दिखेगा। फिलहाल बाढ़ जैसी कोई स्थिति नहीं है।”

प्रशासन ने जारी किया अलर्ट, मुख्यमंत्री ने लिया जायजा

पड़ोसी देश में आई बाढ़ को देखते हुए प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में अलर्ट जारी कर रखा है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार को कहा कि नेपाल में अचानक आई बाढ़ के बाद संवेदनशील क्षेत्रों में जलस्तर और बाढ़ के प्रभाव का जायजा लिया गया। उन्होंने व्यक्तिगत रूप से वाल्मीकि नगर तक स्थिति का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने बताया, “हमने बाढ़ की पूरी स्थिति का आकलन किया है। भगवान की कृपा से लगभग सब कुछ सामान्य हो रहा है। अब जलस्तर को लेकर कोई बड़ी समस्या नहीं दिख रही। राज्य में स्थिति धीरे-धीरे स्थिर हो रही है।”

नेपाल में मौत का आंकड़ा बढ़ा, सैकड़ों घायल

नेपाल पुलिस के अनुसार, रसुवा जिले में आई विनाशकारी बाढ़ से मरने वालों की संख्या शुक्रवार को बढ़कर 469 हो गई है। साथ ही 1,545 लोगों को घायल अवस्था में बचाया गया है। सबसे ज्यादा मौतें चितवन जिले में हुईं, जहां 178 शव बरामद हुए। इसके अलावा एनपी ईस्ट में 110, गोरखा में 44, नुवाकोट में 37, धाडिंग में 33, तनहुन में 28, एनपी वेस्ट में 27 और रसुवा में 12 मौतें दर्ज की गईं। अधिकारियों ने रसुवा से 644, नुवाकोट से 898 और धाडिंग से तीन लोगों को सुरक्षित बचाया है। बिहार प्रशासन बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है और जरूरत पड़ने पर आगे की कार्रवाई के लिए तैयार है। (इनपुट-एजेंसी)