बागवानी क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन और नई पहलों के लिए गुजरात को ‘एग्रीकल्चर लीडरशिप अवॉर्ड 2026’ से सम्मानित किया गया है। नई दिल्ली में आयोजित 17वें एग्रीकल्चर लीडरशिप कॉन्क्लेव में राज्य को यह राष्ट्रीय सम्मान दिया गया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ किसनराव बागड़े की मौजूदगी में यह पुरस्कार प्रदान किया। गुजरात के कृषि मंत्री जीतू वाघाणी ने राज्य सरकार की ओर से पुरस्कार स्वीकार किया।
एग्रीकल्चर लीडरशिप अवॉर्ड की शुरुआत वर्ष 2008 में कृषि वैज्ञानिक डॉ. एम. एस. स्वामीनाथन के सुझाव पर एग्रीकल्चर टुडे ग्रुप द्वारा की गई थी। पुरस्कारों का मूल्यांकन पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस पी. सदाशिवम की अध्यक्षता वाली जूरी द्वारा किया जाता है।
पुरस्कार मिलने के बाद जीतू वाघाणी ने कहा कि यह सम्मान केवल सरकार का नहीं, बल्कि गुजरात के लाखों मेहनती किसानों और कृषि विभाग की पूरी टीम का है। उन्होंने यह पुरस्कार राज्य के किसानों को समर्पित किया।
उन्होंने कहा कि गुजरात को इससे पहले 2009 और 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘सर्वश्रेष्ठ कृषि राज्य’ के रूप में कृषि नेतृत्व पुरस्कार मिल चुका है।
वाघाणी ने बताया कि कृषि महोत्सव, मृदा स्वास्थ्य कार्ड और ड्रिप सिंचाई जैसी पहलों ने राज्य की कृषि प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इन प्रयासों के कारण दसवीं पंचवर्षीय योजना के दौरान गुजरात की कृषि विकास दर 9.9 प्रतिशत तक पहुंची थी।
इसके अलावा गुजरात को 2018 में फिर से सर्वश्रेष्ठ कृषि राज्य और 2019 में पशुपालन क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन के लिए कृषि नेतृत्व पुरस्कार मिला था।
अधिकारियों के अनुसार, सात साल बाद गुजरात को बागवानी क्षेत्र में यह कृषि नेतृत्व पुरस्कार मिला है। समारोह में मौजूद गणमान्य लोगों ने राज्य की कृषि नीतियों और किसानों के प्रयासों की सराहना की।
(इनपुटः एजेंसी)


