उत्तरी अरब सागर में भारत व इटली के युद्धपोतों का युद्धाभ्यास

भारतीय नौसेना के स्वदेशी गाइडेड मिसाइल युद्धपोत आईएनएस सूरत ने इटली की नौसेना के साथ एक युद्धाभ्यास किया है। भारतीय नौसेना ने यहां इटेलियन नेवी के साथ सामरिक युद्धाभ्यास व विमान ट्रैकिंग जैसी गतिविधियों को अंजाम दिया।

आईएनएस सूरत वर्तमान में उत्तरी अरब सागर में अपने मिशन पर तैनात

नौसेना ने बताया कि आईएनएस सूरत वर्तमान में उत्तरी अरब सागर में अपने मिशन पर तैनात है। अपनी इसी तैनाती के दौरान भारतीय युद्धपोत ने इतालवी नौसेना के युद्धपोत, आईटीएस कैयो ड्यूलियो (एंड्रिया डोरिया क्लास विध्वंसक) के साथ एक पासेक्स एक्सरसाइज में भाग लिया। इस संयुक्त अभ्यास के दौरान दोनों देशों के युद्धपोतों ने कई महत्वपूर्ण गतिविधियां कीं, जिनमें सामरिक युद्धाभ्यास, विमान ट्रैकिंग, नौसैनिक कौशल अभ्यास, संचार ड्रिल तथा हवाई संचालन शामिल रहे।

क्रॉस डेक लैंडिंग ऑपरेशन का अहम हिस्सा

अभ्यास का एक अहम हिस्सा क्रॉस डेक लैंडिंग ऑपरेशन भी रहा। अभ्यास की समाप्ति पर दोनों जहाजों ने पारंपरिक स्टीमपास्ट के माध्यम से एक-दूसरे का अभिवादन किया। नौसेना का मानना है कि यह नौसैनिक अभ्यास भारत और इटली की नौसेनाओं के बीच सर्वोत्तम प्रथाओं के आदान-प्रदान और समुद्री पारस्परिकता को बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण अवसर साबित हुआ। अभ्यास पूर्ण होने के बाद दोनों देशों के युद्धपोत अपनी-अपनी तैनाती संबंधी निर्धारित गतिविधियों की ओर बढ़ चुके हैं। नौसेना का कहना है कि यह समुद्री सैन्य अभ्यास भारत-इटली के बीच गहरे होते रक्षा सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों को सुदृढ़ बनाने के भारत के प्रयासों को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।

एशिया व यूरोपीय देशों की यात्रा पूरी कर यह युद्धपोत भारत लौट रहा है

गौरतलब है कि यह इटली के साथ भारतीय नौसेना का हाल ही में हुआ दूसरा अभ्यास है। इससे कुछ दिन पहले ही भारतीय नौसेना का नवीनतम युद्धपोत आईएनएस तमाल इटली के नेपल्स बंदरगाह पहुंचा था। रूस में बना यह अत्याधुनिक भारतीय युद्धपोत 13 से 16 अगस्त तक इटली में रहा, जहां इसने नेपल्स बंदरगाह का दौरा किया। एशिया व यूरोपीय देशों की यात्रा पूरी कर यह युद्धपोत भारत लौट रहा है। नौसेना का मानना है कि भारतीय युद्धपोत की इस समुद्री यात्रा से कूटनीति और द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊंचाई मिली है।

यात्रा का भारत और इटली के संबंधों में एक महत्वपूर्ण स्थान

नौसेना के मुताबिक इटली के नेपल्स बंदरगाह की यह यात्रा भारत और इटली के संबंधों में एक महत्वपूर्ण स्थान रखती है। यह यात्रा दोनों देशों के बीच 2023 में औपचारिक रूप से स्थापित रणनीतिक साझेदारी के अंतर्गत बढ़ते द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने का प्रतीक रही। इटली की नौसेना का नवीनतम लैंडिंग हेलीकॉप्टर डॉक युद्धपोत ‘आईटीएस ट्रिएस्टे’ है। आईएनएस तमाल ने नेपल्स बंदरगाह में प्रवेश से पहले के ‘आईटीएस ट्रिएस्टे’ के साथ एक समुद्री युद्धाभ्यास किया।

समुद्री युद्धाभ्यास का समापन समुद्री परेड से हुआ

इस दौरान दोनों नौसेनाओं ने संचार अभ्यास, समुद्री युद्धाभ्यास, हवाई अभियान और कर्मियों के अनुभव आदान-प्रदान जैसी गतिविधियां कीं। दोनों देशों की नौसेना द्वारा आयोजित समुद्री युद्धाभ्यास का समापन समुद्री परेड से हुआ। यह भारतीय युद्धपोत न्यूक्लियर, बायोलॉजिकल, केमिकल रक्षा प्रणाली से लैस है। इसमें हेलीकॉप्टर संचालन की भी क्षमता है। यह ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल व सतह से वायु में मार करने वाली मिसाइलों से लैस है। इसमें 100 मिमी की तोप है। भारतीय दूतावास, रोम और आईएनएस तमाल ने संयुक्त रूप से जहाज पर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन भी किया था।

गौरतलब है कि 15 अगस्त को भारत के 79वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आईएनएस तमाल पर एक भव्य परेड का आयोजन भी किया गया था। (इनपुट-आईएएनएस)

 

RELATED ARTICLES

20 mins ago | American singer Mary Millben

भारत में सीजेपी आंदोलन को मिल रही विदेशी फंडिंग: अमेरिकी गायिका मैरी मिलबेन 

अमेरिकी गायिका मैरी मिलबेन ने आरोप लगाया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोध में भारत में...

2 hours ago | Abdullah bin Zayed Al Nahyan

जयशंकर और यूएई के विदेश मंत्री अल-नाहयान के बीच द्विपक्षीय संबंधों और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा

विदेश मंत्री एस. जयशंकर आधिकारिक दौरे पर संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) पहुंचे, जहां उन्होंने अपने सम...