Print

एआई शिखर सम्मेलन में शामिल प्रमुख संस्थागत ढांचे

एआई इम्पैक्ट समिट 2026 देश के लिए ऐतिहासिक अवसर है, जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में बदलाव और विकास को नई रफ्तार देगा। इस समिट में कई सरकारी संस्थान भी हिस्सा लेंगे, जो नीति निर्धारण, एआई तंत्र के विकास और डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए जिम्मेदार हैं। इन संस्थाओं की भागीदारी प्रशासनिक नेतृत्व, तकनीकी सहायता और संस्थागत निरंतरता प्रदान करती है, जो यह सुनिश्चित करेगी कि यह शिखर सम्मेलन मौजूदा राष्ट्रीय पहलक़दमियों पर आधारित हो और इसकी चर्चाओं को ठोस व प्रभावी परिणामों में बदला जा सके।

1- इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय

इसमें पहला नाम है इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय का जिसके सहयोग से दुनिया का सबसे बड़ा एआई इम्पैक्ट समिट भारत में होने जा रहा है. इस मंत्रालय की भूमिका एआई और डिजिटल प्रौद्योगिकी के लिए दिशा-निर्देश तय करने हैं ।यह मंत्रालय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इलेक्ट्रॉनिक्स, डिजिटल शासन और विश्वसनीय प्रौद्योगिकी अपनाने की राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ इस शिखर सम्मेलन को जोड़ता है। इसकी भूमिका अंतर-मंत्रालयी समन्वय, राज्य सरकारों के साथ तालमेल और शिखर सम्मेलन के परिणामों को मौजूदा राष्ट्रीय कार्यक्रमों और नियामक ढांचों के साथ एकीकृत करना सुनिश्चित करती है।

2- इंडिया-एआई मिशन

इंडिया-एआई मिशन भारत में एआई विकास को बढ़ावा देने वाला एक प्रमुख मिशन है। यह मिशन शिखर सम्मेलन के मुख्य विषयों को आकार देता है, जिसमें एआई कंप्यूट अवसंरचना, डेटासेट, स्वदेशी एआई मॉडल, कौशल विकास और स्टार्टअप सहायता शामिल हैं। यह कृत्रिम मेधा के सुरक्षित, जिम्मेदार और समावेशी उपयोग को बढ़ावा देने के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे निरंतर प्रयासों को रेखांकित करता है।

3 -सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्कस ऑफ इंडिया

सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्कस ऑफ इंडिया भी इस समिट में शामिल होगा । यह संस्था स्टार्टअप्स और Innovators को जरूरी तकनीकी सुविधाएं और नेटवर्किंग का मौका देती है. जिससे भारत को वैश्विक डिजिटल अर्थव्यवस्था में मजबूत स्थिति में लाने में मदद मिलेगी यह इन्क्यूबेशन सुविधाएं, तकनीकी अवसंरचना और उद्योग जगत के साथ संपर्क करने में मदद करता है। देश भर में फैले इसके केंद्रों का नेटवर्क व्यापक क्षेत्रीय भागीदारी को सक्षम बनाता है और एआई-आधारित उद्यमों के विकास में सहायता करता है।

4- डिजिटल इंडिया पहल

डिजिटल इंडिया भारत में बड़े पैमाने पर एआई अपनाने के लिए आधारभूत ढांचा प्रदान करता है। शिखर सम्मेलन के मुख्य विषयों में डिजिटल सार्वजनिक प्लेटफॉर्म, समावेशिता और नागरिक-केंद्रित शासन पर इसका जोर स्पष्ट रूप से झलकता है। डिजिटल इंडिया यह सुनिश्चित करता है कि शिखर सम्मेलन में प्रदर्शित एआई समाधान राष्ट्रीय स्तर पर सेवा वितरण, सुलभता, पारदर्शिता और सार्वजनिक विश्वास के अनुरूप हों।

उम्मीद है कि इस समिट से नई नौकरियों और कौशल विकास की संभावनाएं पैदा होंगी. अकादमी, स्टार्टअप्स और सरकारों के साथ मजबूत सहयोग स्थापित होगा. राज्यों और केंद्र सरकार के बीच बेहतर समन्वय को बढ़ावा मिलेगा. एआई प्रौद्योगिकियों की समझ और अपनाने में इजाफा होगा. सरकारी सेवाओं में बदलाव के लिए AI ऐप्लिकेशन्स पर जोर दिया जाएगा. जिम्मेदार एआई विकास के लिए नीति ढांचे का निर्माण होगा । ये समिट न केवल एआई की दिशा में नए कदम उठाएगा, बल्कि यह भारत को वैश्विक एआई परिवेश में नई पहचान दिलाएगा ।

(लेखक सुरेश जायसवाल वरिष्ठ पत्रकार हैं। वर्तमान में वे डीडी न्यूज़ से जुड़े हुए हैं।)