विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने गुरुवार को किर्गिस्तान के चोलपोन अता में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के विदेश मंत्रियों की परिषद की बैठक के दौरान किर्गिस्तान के विदेश मंत्री जीनबेक कुलुबायेव से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने भारत-किर्गिस्तान संबंधों की प्रगति की समीक्षा की और रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत बनाने के उपायों पर चर्चा की।
द्विपक्षीय साझेदारी की प्रगति की समीक्षा
बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विचार-विमर्श किया। मुलाकात के बाद कीर्ति वर्धन सिंह ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर कहा कि दोनों देशों ने द्विपक्षीय साझेदारी में हुई प्रगति की समीक्षा की और प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को आगे बढ़ाने के रास्तों पर चर्चा की। उन्होंने भारत-किर्गिस्तान रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने की साझा प्रतिबद्धता भी दोहराई।
एससीओ बैठक में भाग लेने पहुंचे हैं सिंह
कीर्ति वर्धन सिंह बुधवार को एससीओ विदेश मंत्रियों की परिषद की बैठक में भाग लेने के लिए बिश्केक पहुंचे थे। उन्होंने कहा था कि वह क्षेत्रीय और वैश्विक महत्व के मुद्दों पर सार्थक चर्चा तथा एससीओ के भीतर सहयोग को और मजबूत बनाने की उम्मीद रखते हैं।
शिखर सम्मेलन की तैयारियों पर फोकस
विदेश मंत्रालय के अनुसार, एससीओ विदेश मंत्रियों की परिषद की बैठक 31 अगस्त से 1 सितंबर, 2026 तक बिश्केक में होने वाले एससीओ शिखर सम्मेलन की तैयारियों के तहत आयोजित की जा रही है। बैठक में सदस्य देशों के विदेश मंत्री एससीओ सहयोग के प्रमुख क्षेत्रों में हुई प्रगति की समीक्षा करेंगे, क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करेंगे तथा उन दस्तावेजों और निर्णयों को अंतिम रूप देंगे, जिन्हें शिखर सम्मेलन में राष्ट्राध्यक्षों की मंजूरी के लिए प्रस्तुत किया जाएगा।
अन्य देशों के विदेश मंत्रियों से भी करेंगे मुलाकात
विदेश मंत्रालय ने बताया कि बैठक के दौरान कीर्ति वर्धन सिंह एससीओ सदस्य देशों के अपने समकक्षों के साथ भी द्विपक्षीय बैठकें करेंगे। वर्तमान में किर्गिस्तान वर्ष 2025-26 के लिए एससीओ की अध्यक्षता कर रहा है। राष्ट्रपति सदर जापारोव ने किर्गिस्तान की अध्यक्षता का विषय “एससीओ के 25 वर्ष: स्थायी शांति, विकास और समृद्धि की ओर साथ मिलकर” रखा है। (इनपुट: आईएएनएस)


