नॉर्वे के बाद इटली पहुंचे पीएम मोदी, विदेश मंत्री तजानी ने किया स्वागत

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने पांच देशों के दौरे के आखिरी चरण में इटली पहुंच गए हैं। पीएम मोदी यहां इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से मुलाकात कर सकते हैं। पीएम मोदी के रोम दौरे को लेकर पहले से ही कड़े सुरक्षा इंतजाम लागू कर दिए गए हैं। इटली के विदेश मंत्री एंटोनियो तजानी ने शाम 7:30 बजे (भारतीय समयानुसार रात 11:30 बजे) फिमिसिनो एयरपोर्ट पर प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत किया।

कड़ी सुरक्षा व्यवस्था लागू

पीएम मोदी के इस दौरे को देखते हुए इटली प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा योजना लागू की है। इटली की प्रमुख समाचार एजेंसी एडनक्रोनोस के मुताबिक, पुलिस ने ऐसा विशेष सुरक्षा सिस्टम तैयार किया है, जिसमें हर कार्यक्रम स्थल की भौगोलिक स्थिति और संवेदनशीलता को ध्यान में रखा गया है।

पीएम मोदी के ठहराव स्थल पर विशेष निगरानी

रोम एयरपोर्ट पर सुरक्षा पहले ही बढ़ा दी गई है। पीएम मोदी पियाजा डेला रिपब्लिका स्थित अनंतारा होटल में ठहरेंगे, जहां पूरे इलाके में लॉ एनफोर्समेंट एजेंसियां लगातार पेट्रोलिंग करेंगी। इसके अलावा विशेष जांच अभियान भी चलाया जा रहा है।

इंटेलिजेंस एजेंसियां भी अलर्ट

इटली की इंटेलिजेंस एजेंसियां पहले से सक्रिय हैं। इटैलियन स्पेशल ऑपरेशन यूनिट और पोस्टल पुलिस संभावित खतरों को रोकने और संदिग्ध सिग्नल इंटरसेप्ट करने के लिए लगातार निगरानी कर रही हैं।

मेलोनी और मैटारेला से मुलाकात

पीएम मोदी का पहला आधिकारिक कार्यक्रम इटली के राष्ट्रपति सर्जियो मैटारेला से मुलाकात का होगा। इसके लिए वह क्विरिनाले पैलेस जाएंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी और जॉर्जिया मेलोनी के बीच विला पैम्फिली में शिखर बैठक होगी, जिसे बेहद संवेदनशील और हाई-सिक्योरिटी जोन माना जाता है।

कारोबारी नेताओं के साथ बैठक

दोनों नेता कई बड़े भारतीय और इटैलियन औद्योगिक समूहों के प्रमुखों के साथ वर्किंग लंच में भी शामिल होंगे। इसके बाद पीएम मोदी इटली छोड़ने से पहले खाद्य और कृषि संगठन (एफएओ) का दौरा करेंगे। पीएम मोदी इससे पहले जून 2024 में जी7 शिखर सम्मेलन के लिए इटली गए थे।

भारत-इटली संबंधों पर जोर

विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह यात्रा दोनों देशों के मजबूत होते द्विपक्षीय संबंधों की पृष्ठभूमि में हो रही है। दोनों देश संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-2029 को सक्रिय रूप से लागू कर रहे हैं। इस रोडमैप में द्विपक्षीय व्यापार, निवेश, रक्षा एवं सुरक्षा, स्वच्छ ऊर्जा, नवाचार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और जन-जन के बीच संबंधों को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया है।

भारत-इटली व्यापार में मजबूत वृद्धि

मंत्रालय के मुताबिक, वर्ष 2025 में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 16.77 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच चुका है। वहीं अप्रैल 2000 से सितंबर 2025 के बीच इटली से भारत में 3.66 अरब अमेरिकी डॉलर का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश दर्ज किया गया है। (इनपुट: आईएएनएस)

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