प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सोमवार को सीमा सुरक्षा बल (BSF) के 61वें स्थापना दिवस पर सभी BSF कर्मियों को शुभकामनाएं दीं। इस दौरान उन्होंने देश की सीमाओं की रक्षा में उनकी निष्ठा, साहस और पेशेवर क्षमता की प्रशंसा की। पीएम ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि BSF भारत के अटूट संकल्प का प्रतीक है। प्रधानमंत्री ने लिखा कि BSF दुनिया के सबसे चुनौतीपूर्ण इलाकों में काम करती है और उसका कर्तव्य भाव अनुकरणीय है।
गौरतलब है कि हर साल 1 दिसंबर को BSF स्थापना दिवस मनाया जाता है, इसे वर्ष 1965 में स्थापित किया गया था। इस अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी BSF कर्मियों और उनके परिवारों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने लिखा कि BSF ने हमेशा देश का सम्मान बनाए रखा है और अदम्य साहस के साथ नागरिकों की रक्षा की है। गृह मंत्री ने उन वीर जवानों को भी श्रद्धांजलि दी जिन्होंने कर्तव्य निभाते हुए अपना जीवन बलिदान किया।
कई अन्य राजनीतिक नेताओं ने भी BSF स्थापना दिवस पर अपने संदेश दिए। लोकसभा सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने BSF के साहस और सेवा की सराहना करते हुए कहा कि देश की रक्षा के लिए उनका समर्पण प्रेरणादायक है। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी देश की सीमाओं और नागरिकों की सुरक्षा में BSF की महत्वपूर्ण भूमिका के लिए आभार व्यक्त किया।
BSF की स्थापना 1965 में पाकिस्तान द्वारा कच्छ क्षेत्र में सरदार पोस्ट, छार बेट और बेरिया बेट पर हुए हमलों के बाद की गई थी। इससे पहले सीमाओं की सुरक्षा का काम राज्य सशस्त्र पुलिस बलों द्वारा किया जाता था। केंद्र सरकार ने सचिवों की समिति की सिफारिश पर सीमा सुरक्षा के लिए एक समर्पित बल के रूप में BSF का गठन किया, जो आज दुनिया के सबसे बड़े सीमा-रक्षक बलों में से एक है। -(ANI)


