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पहली हार के बाद प्रज्ञानानंदा की वापसी, कारुआना से दूसरा क्लासिकल गेम ड्रॉ: GCT

भारतीय ग्रैंडमास्टर आर. प्रज्ञानानंदा ने बुधवार को ग्रैंड चेस टूर (GCT) के खिताबी मुकाबले में अपने दूसरे क्लासिकल गेम में ड्रॉ हासिल किया, लेकिन उनके प्रतिद्वंद्वी फैबियानो कारुआना अब भी छह अंकों की बढ़त बनाए हुए हैं।

युवा भारतीय ग्रैंडमास्टर को पहले क्लासिकल गेम में कारुआना के हाथों 6-0 से हार का सामना करना पड़ा था, लेकिन दूसरे क्लासिकल गेम में उन्होंने 3-3 से ड्रॉ खेला। क्लासिकल गेम समाप्त होने के बाद प्रज्ञानानंदा 3-9 से पीछे हैं, लेकिन उनके पास वापसी करने और खिताब जीतने के लिए रैपिड और ब्लिट्ज राउंड बाकी हैं।

प्रज्ञानानंदा को 2026 ग्रैंड चेस टूर फाइनल के शुरुआती क्लासिकल गेम में झटका लगा था, जहां मंगलवार (स्थानीय समयानुसार) खिताबी मुकाबले में वह फैबियानो कारुआना से हार गए थे। इसके साथ ही अमेरिकी खिलाड़ी ने 6-0 की बढ़त बना ली थी।

प्रज्ञानानंदा ने मुकाबले के अधिकांश हिस्से में अच्छी चुनौती पेश की और एक असामान्य ओपनिंग सेटअप को संभालते हुए जटिल मिडिलगेम तक पहुंचे। हालांकि, 28वीं चाल में हुई एक महंगी गलती ने कारुआना को बढ़त हासिल करने का मौका दे दिया और उन्होंने इसका फायदा उठाते हुए जीत दर्ज की। Chess.com के अनुसार, यह गलती निर्णायक साबित हुई।

इस परिणाम से फाइनल में इस्तेमाल की जा रही स्कोरिंग प्रणाली के तहत कारुआना को छह अंक मिले और दूसरे क्लासिकल गेम से पहले वह मजबूत स्थिति में पहुंच गए। वहीं, प्रज्ञानानंदा को मुकाबले में बचे सीमित गेम्स में तेजी से वापसी करने की जरूरत थी।

शुरुआती चरण में इटैलियन ओपनिंग का एक असामान्य रूप देखने को मिला, जिसमें दोनों खिलाड़ियों ने ऐसे सेटअप अपनाए जो पारंपरिक ओपनिंग सिद्धांतों से अलग थे। कारुआना एक ऐसे मिडिलगेम में पहुंचे, जहां उनके पास बिशप और प्रज्ञानानंदा के पास नाइट था, लेकिन शुरुआत में इस स्थिति से उन्हें कोई स्पष्ट बढ़त नहीं मिली।

स्थिरता बनाए रखने के लिए अमेरिकी ग्रैंडमास्टर को सटीक खेल दिखाना पड़ा, लेकिन प्रज्ञानानंदा की 28…Rc8?? चाल निर्णायक साबित हुई। इस चाल में एक सामरिक अवसर नजर अंदाज हो गया, जिसके परिणामस्वरूप प्रज्ञानानंदा को मोहरा गंवाना पड़ा। इसके बाद कारुआना ने गेम को जीत की ओर ले जाने में कोई गलती नहीं की।

कारुआना की यह जीत इसलिए भी महत्वपूर्ण रही क्योंकि इससे ग्रैंड चेस टूर फाइनल में क्लासिकल गेम जीतने का उनका लंबा इंतजार खत्म हुआ। अमेरिकी खिलाड़ी ने 2018 में प्रतियोगिता शुरू होने के बाद से इस टूर्नामेंट के फाइनल में कोई क्लासिकल गेम नहीं जीता था। हालांकि, उन्होंने फाइनल में केवल तीन बार 2018, 2025 और 2026 में हिस्सा लिया है।

(इनपुट-ANI)

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