भारत द्वारा पाकिस्तान के आतंकवादी ठिकानों पर देर रात किए गए हवाई हमलों के बाद पाकिस्तान को ‘रेड अलर्ट’ पर रखा गया है। पूरे देश के सरकारी अस्पतालों को किसी भी आपात स्थिति के लिए तैयार रहने को कहा गया है। घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए हवाई क्षेत्र को कम से कम 24 से 36 घंटे के लिए बंद कर दिया गया है। राजधानी इस्लामाबाद और पंजाब प्रांत के सभी शैक्षणिक संस्थानों को बंद कर दिया गया है। सभी सुरक्षा बलों को अलर्ट पर रखा गया है।
पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर और पंजाब प्रांत में किए गए हवाई हमलों में कम से कम 26 लोगों की मौत हुई है और 46 अन्य घायल हुए हैं
पाकिस्तान के इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) के महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने कहा कि भारत द्वारा पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) और पंजाब प्रांत में किए गए हवाई हमलों में कम से कम 26 लोगों की मौत हुई है और 46 अन्य घायल हुए हैं।
हमले 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में किए गए हैं
भारतीय हमलों और पाकिस्तान की जवाबी कार्रवाई ने स्थानीय लोगों को झकझोर दिया है, जिन्हें डर है कि यह स्थिति दोनों देशों के बीच पूर्ण युद्ध की ओर बढ़ सकती है। ये हमले 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में किए गए थे, जिसमें 26 निर्दोष नागरिकों की चार आतंकवादियों ने निर्ममता से गोली मारकर हत्या कर दी थी। इन हमलावरों में से दो के पाकिस्तान से होने की बात कही जा रही है।
भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के भीतर छह विभिन्न स्थानों को निशाना बनाया
भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के भीतर छह विभिन्न स्थानों को निशाना बनाया। इनमें बहावलपुर के अहमदपुर शरकिया क्षेत्र में स्थित मस्जिद सुब्हान अल्लाह शामिल है, जो जैश-ए-मोहम्मद के प्रमुख मौलाना मसूद अजहर का कथित ठिकाना बताया जा रहा है। इसके अलावा मुरिदके में भी हमले किए गए, जो लश्कर-ए-तैयबा और जमात-उद-दावा के प्रमुख हाफिज सईद का मुख्यालय और ठिकाना माना जाता है। अन्य हमले मुज़फ़्फ़राबाद, कोटली और बाग़ शहरों में भी किए गए।
अमेरिका ने दोनों देशों से संयम बरतने और तेजी से बढ़ते तनाव को कम करने की अपील की है
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ बुधवार दोपहर को राष्ट्र को संबोधित करेंगे। इससे पहले उन्होंने प्रधानमंत्री निवास में राष्ट्रीय सुरक्षा समिति (एनएससी) की आपात बैठक बुलाई है, जिसमें मौजूदा सुरक्षा स्थिति और भारत के खिलाफ आगे की रणनीति पर चर्चा की जाएगी। यह अहम बैठक देश की नीति तय करेगी और उन वैश्विक शक्तियों के हस्तक्षेप पर भी विचार करेगी, जिनमें अमेरिका शामिल है। अमेरिका ने दोनों देशों से संयम बरतने और तेजी से बढ़ते तनाव को कम करने की अपील की है, क्योंकि दोनों देश परमाणु हथियार संपन्न हैं।(इनपुट -आईएएनएस)


