अटल वयो अभ्युदय योजना से वरिष्ठ नागरिकों को मिल रहा व्यापक लाभ, 8.41 लाख से अधिक लोगों को मिली सहायता

केंद्र सरकार ने अटल वयो अभ्युदय योजना (एवीवाईएवाई) के तहत वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण, सामाजिक सुरक्षा और गरिमापूर्ण जीवन सुनिश्चित करने के लिए कई योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया है। वित्त वर्ष 2021-22 से अब तक एल्डरलाइन हेल्पलाइन के माध्यम से 8.41 लाख से अधिक वरिष्ठ नागरिकों को सहायता प्रदान की गई है, जबकि राष्ट्रीय वयोश्री योजना के तहत 7.68 लाख से अधिक बुजुर्ग लाभान्वित हुए हैं। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री बी.एल. वर्मा ने लोकसभा में एक लिखित उत्तर में यह जानकारी दी।

वरिष्ठ नागरिक आवास और स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार

मंत्री ने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों के लिए एकीकृत कार्यक्रम (IPSrC) के तहत पात्र संस्थाओं को वरिष्ठ नागरिक आवास, सतत देखभाल गृह, मोबाइल चिकित्सा इकाइयों और फिजियोथेरेपी क्लीनिक संचालित करने के लिए अनुदान दिया जाता है। इस योजना का उद्देश्य जरूरतमंद बुजुर्गों को आश्रय, भोजन, स्वास्थ्य सेवाएं, मनोरंजन और सक्रिय जीवन के अवसर उपलब्ध कराना है। वित्त वर्ष 2021-22 से अब तक इस कार्यक्रम के जरिए देशभर में 69 लाख से अधिक वरिष्ठ नागरिक लाभान्वित हुए हैं।

राज्यों को भी मिल रही सहायता

वरिष्ठ नागरिकों के लिए राज्य कार्य योजना (SAPSRC) के तहत राज्य सरकारों और केंद्र शासित प्रदेशों को स्थानीय जरूरतों के अनुसार वरिष्ठ नागरिक कल्याण कार्यक्रम संचालित करने में सहायता दी जा रही है। यह योजना वित्त वर्ष 2019-20 से लागू है और राज्यों को क्षेत्रीय आवश्यकताओं के अनुरूप योजनाएं लागू करने में मदद कर रही है।

राष्ट्रीय वयोश्री योजना से 7.68 लाख बुजुर्गों को लाभ

राष्ट्रीय वयोश्री योजना (RVY) के तहत उम्र संबंधी समस्याओं से पीड़ित और 15,000 रुपए तक मासिक आय वाले वरिष्ठ नागरिकों को मुफ्त सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाते हैं। एएलएमसीओ के माध्यम से संचालित इस योजना से वित्त वर्ष 2021-22 से अब तक 7,68,749 वरिष्ठ नागरिक लाभान्वित हुए हैं। इससे उनकी गतिशीलता बढ़ी है, आत्मनिर्भरता मजबूत हुई है और जीवन की गुणवत्ता में सुधार आया है।

एल्डरलाइन हेल्पलाइन बनी सहारा

एल्डरलाइन राष्ट्रीय हेल्पलाइन (14567) प्रतिदिन सुबह 8 बजे से रात 8 बजे तक संचालित होती है। यह वरिष्ठ नागरिकों को जानकारी, मार्गदर्शन, भावनात्मक सहयोग और जरूरत पड़ने पर जमीनी स्तर पर सहायता उपलब्ध कराती है। एक अक्टूबर 2021 से अब तक इस हेल्पलाइन के जरिए 34 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 8,41,734 वरिष्ठ नागरिकों को सहायता दी जा चुकी है।

बुजुर्ग देखभालकर्ताओं का प्रशिक्षण

सरकार पीएम-स्पेशल (घर और सहायक आवास में बुजुर्गों की देखभाल) योजना के तहत प्रशिक्षित देखभालकर्ताओं की संख्या बढ़ा रही है। वित्त वर्ष 2023-24 में शुरू हुई इस योजना के तहत अब तक 38,893 बुजुर्ग देखभालकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे गुणवत्तापूर्ण देखभाल सेवाओं का विस्तार हुआ है।

स्टार्टअप्स को भी मिल रहा प्रोत्साहन

सीनियरकेयर एजिंग ग्रोथ इंजन (SAGE) पहल के तहत वरिष्ठ नागरिकों के लिए तकनीक आधारित समाधान विकसित करने वाले स्टार्टअप्स को 1 करोड़ रुपए तक की इक्विटी सहायता दी जाती है। योजना शुरू होने के बाद से अब तक नौ स्टार्टअप्स को सहायता प्रदान की जा चुकी है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं, सहायक जीवन और आयु-अनुकूल तकनीकों में नवाचार को बढ़ावा मिला है।

नीति की नियमित समीक्षा

सरकार हितधारकों के साथ परामर्श और स्वतंत्र तृतीय-पक्ष मूल्यांकन के जरिए अटल वयो अभ्युदय योजना की नियमित समीक्षा कर रही है, ताकि वरिष्ठ नागरिकों की बदलती जरूरतों के अनुरूप सेवा वितरण को और बेहतर बनाया जा सके। सरकार ने कहा कि राष्ट्रीय वृद्धजन नीति, 1999 स्वास्थ्य सेवा, वित्तीय सुरक्षा, सहायक जीवन, डिजिटल समावेशन और सक्रिय वृद्धावस्था को बढ़ावा देने के लिए मार्गदर्शक ढांचा उपलब्ध कराती है। (इनपुट: पीआईबी)