उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुशीनगर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान फाजिलनगर का नाम बदलकर पावागढ़ करने की घोषणा की। इस अवसर पर उन्होंने क्षेत्र की ऐतिहासिक और धार्मिक विरासत का उल्लेख करते हुए कहा कि नई पहचान भगवान महावीर से जुड़े इतिहास को सम्मान देगी। मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर माफियाओं को संरक्षण देने का आरोप लगाया और राज्य में कानून-व्यवस्था, विकास तथा जनकल्याण योजनाओं को लेकर अपनी सरकार की उपलब्धियां भी गिनाईं।
फाजिलनगर को मिलेगी नई पहचान
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि कुशीनगर के फाजिलनगर का नाम बदलने का प्रस्ताव सरकार ने रख दिया है। अब इसे फाजिलनगर नहीं, बल्कि पावागढ़ के नाम से जाना जाएगा। उन्होंने कहा कि भगवान महावीर से इस क्षेत्र की पहचान जुड़ी है, ऐसे में इसे फाजिलनगर क्यों कहा जाए। अपनी विरासत पर गौरव करना हर व्यक्ति का दायित्व है।
कानून-व्यवस्था और विकास पर सरकार का दावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश में शोषण का माहौल था और माफियाओं को संरक्षण प्राप्त था। बीमारियां फैलती थीं, लेकिन व्यवस्थाएं प्रभावी नहीं थीं। उन्होंने कहा कि हर पर्व और त्योहार पर हिंसा की घटनाएं होती थीं, जबकि आज डबल इंजन सरकार के प्रभाव से स्थिति बदल चुकी है। उन्होंने बताया कि केवल कुशीनगर में 90 हजार लोगों को आवास मिले हैं और लाखों घरों में शौचालय बनवाए गए हैं। सरकार इलाज, शौचालय और राशन जैसी सुविधाएं मुफ्त उपलब्ध करा रही है।
‘माफिया और मच्छरों को खत्म कर दिया’
सीएम योगी ने कहा कि इंसेफेलाइटिस की बीमारी उसी तरह समाप्त हो गई है, जैसे उत्तर प्रदेश से माफिया खत्म हो गए हैं। उन्होंने कहा, “हमने माफिया और मच्छरों को खत्म कर दिया है।” उनके अनुसार, मच्छर बीमारियां फैलाते थे, जबकि माफिया बेरोजगारी और भय का माहौल पैदा करते थे।
जनप्रतिनिधियों की भूमिका पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि जनता अच्छे विधायक और सांसद चुनती है, तो वे विकास, रोजगार, सुरक्षा और बीमारियों पर नियंत्रण के लिए बेहतर कार्य करते हैं। साथ ही माफिया और गुंडों पर लगाम लगाने, किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाने और उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
राम मंदिर निर्माण का भी किया उल्लेख
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लगभग 498 वर्ष पहले अयोध्या में भगवान राम के जन्मस्थान पर एक विदेशी आक्रांता ने पवित्र स्थल को ध्वस्त कर दिया था। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को लेकर सदियों तक संघर्ष चलता रहा और पूरे राष्ट्र की भावनाएं इससे जुड़ी रहीं। उनके अनुसार, अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को गति तब मिली, जब केंद्र और राज्य में भाजपा की डबल इंजन सरकार बनी। (इनपुट: आईएएनएस)


