राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने गुरुवार की रात को पाकिस्तान के साथ बढ़ते सीमा तनाव के मद्देनजर राज्य की सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा के लिए एक उच्चस्तरीय आपात बैठक बुलाई। इस बैठक में राज्य के मुख्य सचिव, गृह सचिव, पुलिस महानिदेशक (DGP), खुफिया महानिदेशक और कानून-व्यवस्था के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक जैसे शीर्ष अधिकारी शामिल हुए। यह बैठक ऐसे समय में हुई जब जैसलमेर जिले में भारतीय वायु रक्षा प्रणाली ने पाकिस्तान से आए ड्रोन को इंटरसेप्ट किया। इस दौरान आसमान में जोरदार धमाके सुनाई दिए और चमकती हुई रोशनी देखी गई, जिससे सीमावर्ती क्षेत्रों में दहशत फैल गई।
सुरक्षा उपायों के तहत बीकानेर, पंजाब के कुछ हिस्सों और जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों जैसे किश्तवाड़, अखनूर, सांबा, जम्मू, अमृतसर और जालंधर में एहतियातन ब्लैकआउट (बिजली बंद) किया गया ताकि दुश्मन की निगरानी को रोका जा सके और सामरिक ठिकानों को सुरक्षित रखा जा सके।
इससे पहले केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने भी स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सीमा सुरक्षा बलों (BSF) के महानिदेशकों के साथ एक विशेष बैठक की, जिसमें पाकिस्तान की ओर से संभावित घुसपैठ और ड्रोन गतिविधियों की रोकथाम पर चर्चा हुई। इसके अलावा उन्होंने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के महानिदेशक के साथ एयरपोर्ट सुरक्षा की समीक्षा भी की ताकि देश के प्रमुख हवाई अड्डों की सुरक्षा में किसी प्रकार की कमी न रह जाए। सरकार की इन त्वरित और समन्वित कार्रवाइयों से स्पष्ट है कि केंद्र और राज्य दोनों ही स्तर पर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।-(ANI)


