राजस्थान सरकार ने उन्नत कैंसर उपचार तक पहुंच बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए CAR-T Cell Therapy को राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम (RGHS) के तहत स्वीकृत चिकित्सा पैकेज में शामिल किया है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में लिए गए इस फैसले से राज्य सरकार के कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और उनके पात्र आश्रित परिवार के सदस्यों को लाभ मिलेगा। इसका उद्देश्य गंभीर और जानलेवा रक्त कैंसर के कुछ प्रकारों से जूझ रहे पात्र लाभार्थियों को अत्याधुनिक उपचार उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि सरकारी कर्मचारियों और उनके परिवारों का स्वास्थ्य एवं सुरक्षा राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि RGHS पैकेज में CAR-T Cell Therapy को शामिल करने से उन्नत कैंसर उपचार की जरूरत वाले लाभार्थियों की स्वास्थ्य सुरक्षा मजबूत होगी।
क्या है CAR-T Cell Therapy?
CAR-T Cell Therapy कैंसर के इलाज की एक अत्याधुनिक इम्यूनोथेरेपी है, जिसमें मरीज की अपनी प्रतिरक्षा प्रणाली का इस्तेमाल कैंसर से लड़ने के लिए किया जाता है।
इस उपचार में मरीज के रक्त से T-Cells निकाले जाते हैं और प्रयोगशाला में आनुवंशिक रूप से इस तरह संशोधित किए जाते हैं कि वे कैंसर कोशिकाओं पर मौजूद विशेष प्रोटीन को पहचान सकें। इसके बाद इन संशोधित कोशिकाओं की संख्या बढ़ाकर उन्हें मरीज के शरीर में वापस डाला जाता है। ये कोशिकाएं कैंसर कोशिकाओं को पहचानकर उन्हें नष्ट करने में मदद करती हैं।
यह उपचार मुख्य रूप से कुछ प्रकार के ब्लड कैंसर के मामलों में इस्तेमाल किया जाता है, खासकर तब जब बीमारी दोबारा लौट आई हो या पारंपरिक उपचार का पर्याप्त असर नहीं हुआ हो।
राजस्थान में CAR-T Cell Therapy की उन्नत सुविधाएं सवाई मानसिंह अस्पताल, जयपुर में भी उपलब्ध हैं।
उपचार के लिए प्री-ऑथराइजेशन जरूरी
RGHS के तहत CAR-T Cell Therapy का लाभ लेने वाले लाभार्थियों को लागू RGHS प्रावधानों और राजस्थान सरकार द्वारा 6 जून को जारी ऑन्कोलॉजी दिशानिर्देशों का पालन करना होगा।
चूंकि यह अत्यधिक विशेषज्ञता वाला उपचार है, इसलिए सूचीबद्ध अस्पताल में भर्ती से पहले प्री-ऑथराइजेशन अनिवार्य होगा।
SMS Hospital या किसी सूचीबद्ध कैंसर अस्पताल की विशेषज्ञ टीम मरीज की स्थिति का मूल्यांकन और उपचार की सिफारिश करेगी। इसके बाद उपचार को मंजूरी दी जाएगी।
हर कैंसर मरीज के लिए नहीं है उपयुक्त
सरकार ने स्पष्ट किया है कि CAR-T Cell Therapy हर कैंसर मरीज के लिए उपयुक्त नहीं है। उपचार के लिए पात्रता और अंतिम निर्णय मरीज की चिकित्सकीय स्थिति, बीमारी के निदान और विशेषज्ञ चिकित्सा टीम की सिफारिश के आधार पर किया जाएगा।
RGHS के लाभार्थी लागू पैकेज दरों और योजना के प्रावधानों के अनुसार इस उपचार का लाभ उठा सकेंगे।
RGHS के तहत एलोपैथिक उपचार पैके
ज सामान्य तौर पर केंद्रीय सरकारी स्वास्थ्य योजना (CGHS) के मानकों के अनुरूप हैं।
राज्य सरकार के अनुसार, CAR-T Cell Therapy को RGHS में शामिल किए जाने से उन्नत कैंसर उपचार की जरूरत वाले पात्र सरकारी कर्मचारियों, पेंशनभोगियों और उनके आश्रित परिवारों को महत्वपूर्ण स्वास्थ्य और वित्तीय सहायता मिलने की उम्मीद है।
यह फैसला RGHS के दायरे में आधुनिक चिकित्सा तकनीकों की उपलब्धता बढ़ाने और राजस्थान में विशेष तथा उच्चस्तरीय कैंसर उपचार के लिए स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने की दिशा में उठाया गया कदम है।
-(इनपुटःएजेंसी)


