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केंद्र सरकार किसानों की चिंताओं को दूर करने के लिए हमेशा तैयार : प्रल्हाद जोशी

केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने कर्नाटक के गन्ना किसानों को गन्ने के फेयर एंड रिम्यूनरेटिव प्राइस (एफआरपी) पर अधिकारियों के साथ चर्चा के लिए दिल्ली बुलाया है ताकि विरोध प्रदर्शन करने के बजाय उनकी चिंताओं को दूर किया जा सके।

हुबली में मंगलवार को विरोध प्रदर्शन की योजना बना रहे गन्ना किसानों को जवाब देते हुए जोशी ने उनसे राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली आने और अपनी समस्याओं का समाधान खोजने के लिए संबंधित अधिकारियों से बातचीत करने का आग्रह किया।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो मैसेज में जोशी ने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार किसानों की चिंताओं को दूर करने के लिए हमेशा तैयार है और उन्होंने कर्नाटक के गन्ना किसानों का दिल्ली में खुली चर्चा के लिए स्वागत किया। उन्होंने कहा कि मैं कर्नाटक के किसानों का दिल्ली में पूरे सम्मान के साथ स्वागत करता हूं। हम किसान नेताओं को संबंधित अधिकारियों के साथ बैठने और उनके मुद्दों पर चर्चा करने और समाधान खोजने का इंतजाम करेंगे।

जोशी ने कहा कि किसानों को सड़कों पर विरोध प्रदर्शन करने की कोई जरूरत नहीं है और उन्होंने उनसे सरकार के साथ बातचीत के लिए आगे आने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार हर साल गन्ने का एफआरपी बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि इस साल मई में एफआरपी बढ़ाकर 365 रुपए कर दिया गया था। इस साल भी गन्ना किसानों के लिए उचित कीमत सुनिश्चित की जाएगी। जोशी ने याद किया कि फरवरी 2026 में जब वह एक इवेंट में शामिल होने जा रहे थे, तब किसान नेताओं ने उनसे मुलाकात की थी और गन्ने के एफआरपी में बढ़ोतरी की मांग की थी। उन्होंने कहा कि इसके बाद केंद्र ने मई में एफआरपी बढ़ाकर 365 रुपए कर दिया।

उन्होंने कहा कि बढ़ोतरी के बाद कोई भी किसान प्रतिनिधि उनसे नहीं मिला लेकिन कुछ किसान अब एफआरपी में और बढ़ोतरी की मांग को लेकर फिर से विरोध प्रदर्शन की योजना बना रहे हैं। जोशी ने कहा कि विरोध प्रदर्शन की कोई जरूरत नहीं है। केंद्र सरकार किसानों की चिंताओं पर जवाब देने के लिए तैयार है।

केंद्रीय मंत्री ने यह भी साफ किया कि गन्ने के एफआरपी को बढ़ाने पर कोई भी फैसला कृषि लागत और मूल्य आयोग की सिफारिशों और राज्य के गन्ना आयुक्त की रिपोर्ट और सिफारिशों पर विचार करने के बाद लिया जाएगा। अगर आप सीधे दिल्ली आते हैं, तो हम संबंधित अधिकारियों के साथ इस मामले पर चर्चा करेंगे और उचित कीमत सुनिश्चित करने की दिशा में कदम उठाएंगे। मैं किसान नेताओं और प्रदर्शनकारियों को खुला निमंत्रण देता हूं।

उन्होंने कहा कि सरकार गन्ना किसानों की चिंताओं और भ्रम पर विस्तृत चर्चा करने और उन्हें राहत देने के लिए उचित कदम उठाने के लिए तैयार है। मैं किसानों को भरोसा दिलाता हूं कि हम उनकी शिकायतों को पूरी विनम्रता से सुनेंगे और सही समाधान खोजने की पूरी कोशिश करेंगे। इसलिए, मैं आपसे सरकार के साथ बातचीत के लिए आने का आग्रह करता हूं। (इनपुट-आईएएनएस)

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