पीएम मोदी को ब्रिक्स समिट की सफल मेजबानी के लिए चंद्रबाबू नायडू ने दी बधाई, कहा- ‘भारत की आवाज़ पहले से कहीं ज्यादा सम्मान के साथ सुनी जा रही’

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने सोमवार को कहा कि आज दुनिया भर में भारत की आवाज़ पहले से कहीं ज्यादा भरोसे और सम्मान के साथ सुनी जा रही है। उन्होंने नई दिल्ली में आयोजित 18वें ब्रिक्स समिट की सफल मेजबानी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई दी।

चंद्रबाबू नायडू का एक्स पोस्ट और नई दिल्ली घोषणापत्र पर टिप्पणी

तेलुगु देशम पार्टी (TDP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, “मुझे खुशी है कि भारत ने नई दिल्ली में 18वें ब्रिक्स समिट की सफल मेजबानी की और दुनिया की कुछ प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं को ऐसे समय में एक साथ लाया जब दुनिया में बड़े बदलाव हो रहे हैं।” 

उन्होंने नई दिल्ली घोषणापत्र को महत्वपूर्ण बताया और कहा कि इसमें मजबूत बहुपक्षीय संस्थानों, मजबूत सप्लाई चेन, इनोवेशन, सस्टेनेबल डेवलपमेंट और उभरती अर्थव्यवस्थाओं के बीच बेहतर सहयोग पर जोर दिया गया है। ये ऐसे मुद्दे हैं जो आने वाले दशकों में वैश्विक विकास और समृद्धि को आकार देंगे।

भारत एक भरोसेमंद मंच के रूप में

मुख्यमंत्री नायडू ने कहा कि आज का भारत एक भरोसेमंद मंच के रूप में उभरा है, जहां अलग-अलग नजरिए वाले देश एक साथ आकर रचनात्मक बातचीत कर सकते हैं और आम सहमति बना सकते हैं। विकासशील दुनिया के हितों को आगे बढ़ाते हुए आम सहमति बनाने की यह क्षमता वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती आर्थिक ताकत और कद को दर्शाती है। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा, “आज, दुनिया भर में भारत की आवाज़ पहले से कहीं ज्यादा भरोसे और सम्मान के साथ सुनी जा रही है।”

उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण का बयान

इससे पहले उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने पोस्ट किया कि नई दिल्ली में 18वें ब्रिक्स समिट का सफल समापन भारत के लिए बहुत गर्व का क्षण है। उन्होंने याद दिलाया कि ब्रिक्स देश दुनिया की लगभग 50 प्रतिशत आबादी और 40 प्रतिशत वैश्विक GDP का प्रतिनिधित्व करते हैं, इसलिए वैश्विक आर्थिक और भू-राजनीतिक परिदृश्य को आकार देने में इस समूह की महत्वपूर्ण भूमिका है। जन सेना नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने “बिल्डिंग फॉर रेज़िलिएंस, इनोवेशन, कोऑपरेशन एंड सस्टेनेबिलिटी” थीम के तहत ब्रिक्स की अध्यक्षता सफलतापूर्वक संभाली। उन्होंने प्रधानमंत्री, विदेश मंत्रालय, राजनयिकों, अधिकारियों और पूरी टीम को बधाई दी जिनकी मेहनत से समिट सफल हुआ।

समिट की उपलब्धियां और भविष्य की उम्मीद

पवन कल्याण ने बताया कि समिट ने आर्थिक-वित्तीय सहयोग, व्यापार, निवेश, मजबूत सप्लाई चेन और डेवलपमेंट फाइनेंस के एजेंडे को मजबूती दी। साथ ही एआई, इनोवेशन, टेक्नोलॉजी, एनर्जी और फूड सिक्योरिटी में सहयोग आगे बढ़ाया। शांति-सुरक्षा, आतंकवाद से निपटने, क्लाइमेट एक्शन, सस्टेनेबल डेवलपमेंट और ग्लोबल साउथ की मजबूत आवाज के लिए सामूहिक प्रयासों को भी बढ़ावा मिला। उन्होंने कहा कि ‘ब्रिक्स नई दिल्ली घोषणापत्र’ को अपनाना इन साझा प्राथमिकताओं को सार्थक सहयोग और कार्रवाई में बदलने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता ने वैश्विक मंच पर देश के बढ़ते आत्मविश्वास और रचनात्मक नेतृत्व को एक बार फिर प्रदर्शित किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि ब्रिक्स मजबूत साझेदारियां बनाता रहे, साझा अवसर पैदा करे और एक अधिक लचीली, समावेशी व समृद्ध दुनिया के निर्माण में योगदान दे। (इनपुट-एजेंसी)