मथुरा में सीएम योगी का ऐलान- भावनाओं के अनुरूप विकसित होगा पूरा ब्रज क्षेत्र

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर शुक्रवार को विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जिन लोगों की आस्था बाबर और औरंगजेब में है, वे सनातन और देश की आस्था का सम्मान नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि ऐसे लोग समाज में जहर घोलने के साथ युवाओं, बहन-बेटियों, किसानों और उद्यमियों के हितों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर सकते हैं, लेकिन डबल इंजन की सरकार उनके मंसूबों को कभी सफल नहीं होने देगी। मुख्यमंत्री ने श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण की पूजा-अर्चना की और प्रदेशवासियों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं। करीब 30 मिनट तक जन्मस्थान परिसर में रहने के दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं पर पुष्प वर्षा भी की।

बाबर-औरंगजेब की आस्था वालों पर साधा निशाना

श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा कि यह सरकार श्रीकृष्ण कन्हैया, प्रभु श्रीराम, बाबा विश्वनाथ और मां विंध्यवासिनी में आस्था रखती है। उन्होंने सवाल किया कि जिन लोगों की आस्था बाबर और औरंगजेब में होगी, क्या वे लोगों की आस्था का सम्मान कर पाएंगे? उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों की आदत समाज में विष घोलने की रही है, जिससे समाज विरोधी और राष्ट्र विरोधी तत्वों के हौसले बढ़ सकते हैं। ऐसे तत्व युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने, बहन-बेटियों की सुरक्षा में सेंध लगाने, किसानों की खुशहाली को नुकसान पहुंचाने और कारीगरों तथा हस्तशिल्पियों को फिर से लाचार बनाने का प्रयास कर सकते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि डबल इंजन की सरकार उनके इन मंसूबों पर पानी फेर देगी और उन्हें कभी सफल नहीं होने देगी।

सनातन की आस्था को मिटाने की कोशिश नाकाम रही

मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या में करीब 500 वर्ष पहले एक विदेशी आक्रांता ने हमारी आस्था को समाप्त करने का प्रयास किया था। जो लोग स्वयं को अविजित मानते थे, वे आज समाप्त हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि सनातन की आस्था को मिटाने के अनेक प्रयास हुए, लेकिन कोई इसे समाप्त नहीं कर पाया। जिन्होंने ऐसा दुस्साहस किया, वे स्वयं मिट्टी में मिल गए और आज उनका नाम लेने वाला भी कोई नहीं है।

अयोध्या-काशी की तरह विकसित होगा पूरा ब्रज क्षेत्र

सीएम योगी ने कहा कि भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर कुछ लोगों को अच्छा नहीं लग रहा है और ऐसे लोग अयोध्या को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि अयोध्या और काशी की तरह मथुरा-वृंदावन में भी भव्य परिसर विकसित हो और पूरे ब्रज क्षेत्र का विकास लोगों की भावनाओं के अनुरूप किया जाए। उन्होंने कहा, “मथुरा हो, नंदगांव हो, बरसाना हो, गोवर्धन हो या वृंदावन, पूरा ब्रज आपकी भावनाओं के अनुरूप विकसित होगा। इसमें कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी जाएगी।”

पिछली सरकारों पर भी साधा निशाना

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में अधिकारियों के साथ बैठक कर सरकार की प्राथमिकता स्पष्ट की जा चुकी है। उन्होंने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की सरकारों को अपने वोट बैंक की चिंता रहती थी। वे ब्रज में आने से डरते थे कि कहीं उनका वोट बैंक न खिसक जाए। उन्होंने कहा कि यही कारण था कि उनके शासनकाल में जवाहरबाग जैसी घटनाएं हुईं, जबकि अब ब्रज में ऐसे कांड नहीं, बल्कि रंगोत्सव और ब्रजराज उत्सव होते हैं।

कृष्ण का संदेश आज भी प्रासंगिक

सीएम योगी ने कहा कि हर जन्माष्टमी पर मथुरा आकर ब्रजवासियों को सम्मान देना उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है और कर्तव्य के पथ पर चलते हुए देश, सनातन और मानवता के लिए काम करना चाहिए।

धर्म, सत्य और न्याय का संदेश दिया

मुख्यमंत्री ने कहा कि करीब 5,200 वर्ष पहले भगवान श्रीकृष्ण ने इसी पावन भूमि पर प्रकट होकर धर्म, सत्य और न्याय की स्थापना का संदेश दिया था। भारत ने अनेक आक्रमणों और चुनौतियों का सामना किया, लेकिन सनातन की आस्था को कोई समाप्त नहीं कर सका। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में विरासत और विकास का अद्भुत समन्वय दिखाई दे रहा है। सरकार का प्रयास है कि आस्था के प्रमुख केंद्रों को भव्य स्वरूप देने के साथ विकास की गति को भी आगे बढ़ाया जाए।

विंध्यवासिनी धाम की तरह ब्रज के विकास पर जोर

सीएम योगी ने कहा कि योगमाया के प्रति आस्था के कारण विंध्यवासिनी धाम को भव्य परिसर मिला है और इसी तरह ब्रजभूमि के विकास के लिए भी सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि श्रीकृष्ण और राधारानी की स्मृति पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत है और उनकी शिक्षाएं आज भी समाज को कर्तव्य, सत्य और न्याय के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती हैं। (इनपुट: आईएएनएस)