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भारतीय नौसेना ने ओमान में तैनात किया अपना प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन

भारतीय नौसेना ने अपने प्रथम प्रशिक्षण स्क्वाड्रन (1टीएस) की तैनाती ओमान में की है। भारतीय जहाज तीर, शार्दुल और भारतीय तटरक्षक के जहाज वीरा लंबी दूरी की प्रशिक्षण तैनाती पर 05 अक्टूबर को मस्कट पहुंच गए हैं। 09 अक्टूबर तक चलने वाला यह प्रशिक्षण भारत और ओमान के बीच समुद्री क्षेत्र में मौजूदा रक्षा संबंधों को और मजबूत करने का संकेत देती है।

इस दौरान भारतीय नौसेना ओमान की रॉयल नेवी के साथ बंदरगाह पर बातचीत और संयुक्त अभ्यास सहित समुद्री सुरक्षा और अंतर-संचालन के विभिन्न पहलुओं पर बातचीत करेगी। तैनाती में दोनों नौसेनाओं के बीच प्रशिक्षण आदान-प्रदान, पेशेवर बातचीत और मैत्रीपूर्ण खेल आयोजनों पर भी ध्यान केंद्रित किया जाएगा। पिछले दस वर्षों में यह 1टीएस की तीसरी ओमान यात्रा है। ये बातचीत नौसेना सहयोग को मजबूत करने और दोनों नौसेनाओं के बीच मौजूदा साझेदारी को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।

दक्षिणी नौसेना कमान के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ वाइस एडमिरल वी श्रीनिवास भी 06 से 09 अक्टूबर तक ओमान की आधिकारिक यात्रा पर रहेंगे। इस दौरान वह चीफ ऑफ स्टाफ सुल्तान्स आर्म्ड फोर्सेज (सीओएसएसएएफ) अब्दुल्ला बिन खामिस बिन अब्दुल्ला अल रइसी और रॉयल नेवी ऑफ ओमान (सीआरएनओ) के कमांडर रियर एडमिरल सैफ बिन नासिर बिन मोहसेन अल-रहबी के साथ द्विपक्षीय चर्चा करेंगे। वह ओमान में प्रमुख रक्षा और प्रशिक्षण प्रतिष्ठानों का भी दौरा करेंगे।

भारतीय नौसेना और ओमान की रॉयल नेवी विभिन्न क्षेत्रों में संचालन, प्रशिक्षण और सहयोगी प्रयासों के अवसरों पर एक-दूसरे के साथ सहयोग करती हैं। हाल ही में भारतीय नौसेना और ओमान की रॉयल नेवी स्टाफ वार्ता का छठा दौर 24 जून को नई दिल्ली में आयोजित किया गया था। 1टीएस और सीआईएनसी, एसएनसी की यात्रा दोनों मित्र राष्‍ट्रों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करती है।

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