एसबीआई ने केंद्र सरकार को सौंपा 8,813 करोड़ रुपए का डिविडेंड

देश के सबसे बड़े सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) ने वित्त वर्ष 2025-26 के लिए केंद्र सरकार को 8,813 करोड़ रुपए का डिविडेंड चेक सौंपा है। यह चेक एसबीआई के चेयरमैन सी.एस. शेट्टी ने केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण को सौंपा।

वित्त मंत्रालय ने दी जानकारी

वित्त मंत्री कार्यालय (एफएमओ) ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एसबीआई के चेयरमैन सी.एस. शेट्टी से वित्त वर्ष 2025-26 के लिए 8,813 करोड़ रुपए का लाभांश चेक प्राप्त किया है।

मजबूत वित्तीय प्रदर्शन का संकेत

यह लाभांश भुगतान एसबीआई के मजबूत वित्तीय प्रदर्शन को दर्शाता है। साथ ही, इसे केंद्र सरकार की गैर-कर (नॉन-टैक्स) आय में महत्वपूर्ण योगदान के रूप में भी देखा जा रहा है। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक के रूप में एसबीआई देश की बैंकिंग प्रणाली में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और उसका यह योगदान सरकारी राजस्व को भी मजबूती प्रदान करेगा।

बैंकिंग और डिजिटल भुगतान में अहम भूमिका

यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब एसबीआई देश के बैंकिंग और डिजिटल भुगतान तंत्र में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। बैंक लगातार वित्तीय समावेशन, डिजिटल बैंकिंग सेवाओं और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न पहल कर रहा है।

भारत की अर्थव्यवस्था पर जताया भरोसा

एसबीआई के चेयरमैन सी.एस. शेट्टी ने हाल के दिनों में कहा था कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद भारत की आर्थिक बुनियाद मजबूत बनी हुई है और देश की दीर्घकालिक विकास संभावनाएं सकारात्मक हैं। उन्होंने विश्वास जताया था कि भारत की विकास यात्रा आगे भी मजबूत बनी रहेगी।

ब्याज दरों को स्थिर रखने के फैसले का किया समर्थन

इस महीने की शुरुआत में मुंबई में आयोजित एक उद्योग कार्यक्रम में सी.एस. शेट्टी ने भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति द्वारा ब्याज दरों को स्थिर रखने के फैसले का समर्थन किया था। उन्होंने कहा था कि मौजूदा परिस्थितियों में दरों को स्थिर रखना वित्तीय स्थिरता बनाए रखने और आर्थिक विकास को गति देने में सहायक होगा। उन्होंने कहा था कि महंगाई की स्थिति नीति निर्माताओं के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन फिलहाल ब्याज दरों में स्थिरता बनाए रखना संतुलित आर्थिक वृद्धि के लिए उपयुक्त कदम है।

निवेशकों को दी दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाने की सलाह

एसबीआई चेयरमैन ने निवेशकों से शेयर बाजार के अल्पकालिक उतार-चढ़ाव से आगे देखने की अपील की थी। उन्होंने कहा था कि निवेशकों को भारत की दीर्घकालिक विकास कहानी पर भरोसा रखना चाहिए, जो बैंकिंग सुधारों, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, वित्तीय समावेशन और बुनियादी ढांचा विकास से प्रेरित है। उन्होंने कहा था कि केवल सेंसेक्स पर ध्यान देने के बजाय भारत को एक दीर्घकालिक विकास की कहानी के रूप में देखा जाना चाहिए। (इनपुट: आईएएनएस)

RELATED ARTICLES

3 mins ago | Prime Minister Narendra Modi

भारत के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने पर नाइजीरियाई राष्ट्रपति और अमेरिकी राजदूत ने पीएम मोदी को दी बधाई

भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को देश के सबसे लंबे समय तक निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने की ऐत...

17 mins ago | आईएलसी

114वें अंतरराष्ट्रीय श्रम सम्मेलन में भारत की मजबूत उपस्थिति

श्रम एवं रोजगार तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे ने 9 जून को स्विट्जर...