भारत के ऑटोमोबाइल सेक्टर में त्योहारी सीजन के शुरुआती 14 दिनों के दौरान मांग के मिले-जुले रुझान देखने को मिले हैं। Jefferies की रिपोर्ट के मुताबिक, इस दौरान दोपहिया वाहनों के रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 16% की बढ़ोतरी हुई, जबकि पैसेंजर व्हीकल के रजिस्ट्रेशन में 6% की गिरावट दर्ज की गई। इससे संकेत मिलता है कि दोपहिया वाहनों की मांग मजबूत बनी हुई है, जबकि कारों के सेगमेंट में मांग की रफ्तार धीमी हुई है।
रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही यानी अप्रैल से सितंबर के दौरान दोपहिया वाहनों के रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 22% की वृद्धि हुई। वहीं, इस अवधि में थोक बिक्री (Wholesales) 17% बढ़ी।
पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट में मांग की रफ्तार धीमी
त्योहारी सीजन के पहले सात दिनों में पैसेंजर व्हीकल के रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 7% की अच्छी बढ़ोतरी हुई थी। हालांकि, दूसरे सप्ताह में मांग की रफ्तार धीमी पड़ती दिखाई दी और शुरुआती 14 दिनों के कुल आंकड़ों में 6% की गिरावट दर्ज की गई।
हालांकि, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट का प्रदर्शन मजबूत रहा था। Jefferies के मुताबिक, अप्रैल से सितंबर के दौरान इस सेगमेंट के रजिस्ट्रेशन और थोक बिक्री में सालाना आधार पर करीब 28-29% की वृद्धि हुई थी।
ट्रक रजिस्ट्रेशन में 76% की बढ़ोतरी
त्योहारी सीजन के पहले 14 दिनों में ट्रक और ट्रैक्टर के रजिस्ट्रेशन में भी अच्छी वृद्धि दर्ज की गई। ट्रक रजिस्ट्रेशन सालाना आधार पर 76% बढ़ा। हालांकि, इस तेज वृद्धि की एक वजह पिछले साल का कमजोर आधार भी रहा। पिछले साल इसी अवधि में ट्रक रजिस्ट्रेशन में 26% की गिरावट आई थी।
रिपोर्ट के मुताबिक, 2024 की तुलना में त्योहारी अवधि के पहले हिस्से में ट्रक रजिस्ट्रेशन की कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) 14% रही।
ट्रैक्टर रजिस्ट्रेशन 21% बढ़ा, आगे मांग पर नजर
इस दौरान ट्रैक्टर रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 21% की वृद्धि हुई। इससे पहले वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में ट्रैक्टर रजिस्ट्रेशन 18% बढ़ा था।
हालांकि, वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में ट्रैक्टरों की मांग को लेकर कुछ चिंताएं बनी हुई हैं। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल का ऊंचा आधार और कमजोर मानसून आगे ट्रैक्टर की मांग पर दबाव डाल सकते हैं।
कुल मिलाकर, त्योहारी सीजन के शुरुआती आंकड़े ऑटो सेक्टर के अलग-अलग सेगमेंट में मांग की अलग-अलग तस्वीर पेश करते हैं। दोपहिया वाहनों में मजबूती के बीच पैसेंजर व्हीकल की मांग में नरमी दिखी है, जबकि ट्रक और ट्रैक्टर के रजिस्ट्रेशन में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। (इनपुट: एजेंसी)


