विभिन्न सांस्कृतिक क्षेत्रों में युवा कलाकारों के लिए केंद्र सरकार लागू कर रही है ‘एसवाईए’ वित्तीय अनुदान योजना

देश का संस्कृति मंत्रालय शास्त्रीय नृत्य शैलियों, स्वदेशी कलाकृति और अन्य पारंपरिक कला-शैलियों जैसे विभिन्न सांस्कृतिक क्षेत्रों में विशेषज्ञता रखने वाले युवा कलाकारों को उनके संबंधित क्षेत्रों में उन्नत प्रशिक्षण प्राप्त करने हेतु सहयोग देने के लिए ‘विभिन्न सांस्कृतिक क्षेत्रों में युवा कलाकारों को छात्रवृत्ति (एसवाईए)’ के नाम से एक वित्तीय अनुदान योजना लागू कर रहा है।

इस योजना घटक के तहत, अधिकतम 400 स्टूडेंट को 5,000 रुपये प्रति माह की छात्रवृत्ति 2 वर्ष की अवधि के लिए चार बराबर अर्ध-वार्षिक किश्तों में दी जाती है। यह जानकारी केंद्रीय संस्कृति और पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने लोकसभा में एक लिखित उत्तर में दी।

संस्कृति मंत्रालय के अनुसार ‘विभिन्न सांस्कृतिक क्षेत्रों में युवा कलाकारों को छात्रवृत्ति की योजना’ (Young Artists in Different Cultural Fields) के दिशा-निर्देशों के अनुसार, भारतीय शास्त्रीय संगीत, भारतीय शास्त्रीय नृत्य और नृत्य संगीत, रंगमंच, दृश्य कलाएं, लोक, पारंपरिक और स्वदेशी कलाएं एवं सुगम शास्त्रीय संगीत आदि मान्यता प्राप्त सांस्कृतिक गतिविधियां/ विषय और क्षेत्र हैं, जिनमें छात्रवृत्ति प्रदान की जा सकती है।

अन्य विषयों के साथ संस्कृति मंत्रालय,‘कला और संस्कृति के संवर्धन के लिए छात्रवृत्ति और फेलोशिप की योजना’ के नाम से एक केंद्रीय क्षेत्र की योजना का संचालन कर रहा है, जिसका एक हिस्सा ‘विभिन्न सांस्कृतिक क्षेत्रों में युवा कलाकारों को छात्रवृत्ति’ है।

मंत्रालय के अनुसार उक्त ‘कला और संस्कृति के संवर्धन के लिए छात्रवृत्ति और फेलोशिप की योजना’ के लिए कोष का आवंटन किया जाता है, जिसमें राज्य और घटक के अनुसार अलग से कोष का आवंटन नहीं होता है।

 

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