चुनाव आयोग ने आगामी विधानसभा चुनावों के लिए राजनीतिक दलों को डिजिटल टाइम वाउचर जारी किए हैं, जिससे वे दूरदर्शन और ऑल इंडिया रेडियो पर मुफ्त प्रसारण समय का उपयोग कर सकेंगे।
यह व्यवस्था जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 39A के तहत लागू की गई है। इसका लाभ असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में होने वाले चुनावों में मिलेगा।
चुनाव आयोग के अनुसार, सभी मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय दलों को आईटी प्लेटफॉर्म के माध्यम से ये वाउचर दिए गए हैं। प्रसारण की अवधि उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी होने से लेकर मतदान से दो दिन पहले तक रहेगी।
हर पार्टी को दूरदर्शन और आकाशवाणी पर 45-45 मिनट का मुफ्त समय दिया जाएगा। इसके अलावा, पिछले चुनाव में प्रदर्शन के आधार पर अतिरिक्त समय भी मिलेगा।
प्रसारण स्लॉट का निर्धारण लॉटरी सिस्टम के जरिए किया जाएगा, जिसमें राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि और चुनाव अधिकारी मौजूद रहेंगे।
सामग्री प्रसारण से पहले पार्टियों को अपने भाषण या कार्यक्रम की रिकॉर्डिंग और ट्रांसक्रिप्ट जमा करनी होगी, जो निर्धारित तकनीकी मानकों के अनुरूप होनी चाहिए।
इसके अलावा, प्रसार भारती की ओर से टीवी और रेडियो पर पैनल चर्चा और बहस भी आयोजित की जाएंगी, जिनमें प्रत्येक पार्टी को एक प्रतिनिधि भेजने का अवसर मिलेगा।
यह पहल चुनाव प्रचार में समान अवसर सुनिश्चित करने और पारदर्शिता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
-(इनपुटःएजेंसी)


