भारत के हर्ष सिंह ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पुरुषों के 60 किग्रा जूडो वर्ग का स्वर्ण पदक जीत लिया। शुक्रवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में 23 वर्षीय हर्ष ने ऑस्ट्रेलिया के जोशुआ कैट्ज को हराकर भारत को जूडो में दूसरा स्वर्ण पदक दिलाया। इससे कुछ समय पहले अस्मिता डे ने महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में स्वर्ण जीतकर इतिहास रचा था।
शानदार रणनीति से दर्ज की जीत
फाइनल मुकाबले में हर्ष सिंह को शुरुआती दौर में ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी जोशुआ कैट्ज से कड़ी चुनौती मिली। हालांकि, मुकाबले में 41 सेकंड शेष रहते उन्होंने शानदार ‘वाजा-अरी’ दांव लगाया। इसके बाद उन्होंने शेष समय में मजबूत रक्षात्मक खेल दिखाते हुए बढ़त कायम रखी और स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया।
जूडो में भारत का शानदार प्रदर्शन
इससे पहले महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में अस्मिता डे ने कनाडा की हेइडी क्वैच को 2-1 से हराकर स्वर्ण पदक जीता था। यह कॉमनवेल्थ गेम्स के इतिहास में जूडो में भारत का पहला स्वर्ण पदक था। अब हर्ष सिंह की जीत के साथ भारत ने जूडो में दूसरा स्वर्ण हासिल कर इस खेल में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई है।
यामिनी मौर्या से भी स्वर्ण की उम्मीद
जूडो में भारत के पदकों का सिलसिला अभी जारी रह सकता है। महिलाओं के 57 किग्रा वर्ग में यामिनी मौर्या ने दक्षिण अफ्रीका की डोने ब्रेयटेनबैक को इप्पोन से हराकर फाइनल में जगह बनाई है। स्वर्ण पदक मुकाबले में उनका सामना इंग्लैंड की एसेलिया टोपराक से होगा। (इनपुट: आईएएनएस)


