अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि उनका प्रशासन अब ‘Artificial Intelligence’ के बजाय ‘Superintelligence’ शब्द का इस्तेमाल शुरू करेगा। उन्होंने कहा कि ‘Artificial’ शब्द से यह गलत संकेत मिलता है कि यह तकनीक नकली है, जबकि उनके अनुसार यह वास्तविक और भविष्य में व्यापक बदलाव लाने वाली तकनीक है।
ट्रंप ने न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित करते हुए यह घोषणा की। उन्होंने कहा कि आगे से अमेरिकी सरकार के दस्तावेजों में AI के लिए ‘Superintelligence’ शब्द का इस्तेमाल किया जाएगा और उम्मीद जताई कि दूसरे देश भी इसका अनुसरण करेंगे। उन्होंने इस नए शब्द को ‘SI’ यानी ‘Superintelligence’ के रूप में इस्तेमाल करने की बात कही।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि हर बड़ी नई तकनीक के साथ कुछ चुनौतियां आती हैं और Superintelligence भी इसका अपवाद नहीं है। हालांकि, उन्होंने तकनीक के विकास को रोकने या उस पर व्यापक अंतरराष्ट्रीय नियंत्रण व्यवस्था बनाने के प्रयासों का विरोध किया।
ट्रंप ने AI के लिए अंतरराष्ट्रीय नियामक व्यवस्था बनाने के प्रस्तावों को ‘वैश्विकतावादी योजना’ बताते हुए कहा कि अमेरिका ऐसी व्यवस्था को स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि AI के विकास को नियंत्रित करने के बजाय अमेरिका इसके विकास को जारी रखेगा।
उन्नत AI और रोबोट से मानवता के अस्तित्व पर खतरे की चेतावनियों को भी ट्रंप ने खारिज किया। उन्होंने ऐसी चिंताओं की तुलना जलवायु परिवर्तन को लेकर पहले की गई कुछ भविष्यवाणियों से की और कहा कि इन मुद्दों को लेकर बार-बार डर पैदा किया जाता रहा है।
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ऐसी तकनीक के विकास को नहीं रोकेगा, जो औद्योगिक क्रांति या इंटरनेट से भी अधिक महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि सरकार AI क्षेत्र पर नजर रखेगी और जरूरत पड़ने पर न्याय विभाग तथा अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों के जरिए हस्तक्षेप किया जाएगा।
उन्होंने उन्नत AI के विकास को देशों के बीच रणनीतिक प्रतिस्पर्धा से भी जोड़ा। ट्रंप ने कहा कि भविष्य में जो देश Superintelligence के क्षेत्र में बढ़त हासिल करेगा, वह वैश्विक स्तर पर बढ़त बनाएगा।
ट्रंप ने दावा किया कि AI के क्षेत्र में अमेरिका चीन और अन्य देशों से काफी आगे है और वह इस बढ़त को बनाए रखना चाहते हैं। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि सरकारी एजेंसियों में शब्दावली बदलने के लिए किस प्रक्रिया का इस्तेमाल किया जाएगा और क्या इसके लिए किसी कार्यकारी आदेश की जरूरत होगी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट नहीं किया कि ‘Superintelligence’ शब्द सभी मौजूदा AI प्रणालियों के लिए इस्तेमाल किया जाएगा या केवल सबसे उन्नत AI मॉडलों के लिए।
-(इनपुटः IANS)


