पर्यटन मंत्रालय ने रविवार को 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) 2026 को राष्ट्रव्यापी समारोहों के साथ मनाया। इस अवसर पर केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने महाराष्ट्र के कर्जत स्थित शांतिक्षेत्र आश्रम में एक योग सत्र में भाग लिया जहां उन्होंने व्यक्तिगत कल्याण और राष्ट्र निर्माण में योग की परिवर्तनकारी भूमिका पर प्रकाश डाला।
केंद्रीय पर्यटन मंत्री शेखावत ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर आज शांतिक्षेत्र आश्रम, करजत (महाराष्ट्र) में योगाभ्यास किया। योग हमारे जीवन को संतुलित करने का माध्यम है। माननीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के प्रयासों से योग आज एक वैश्विक व्यवहार बन चुका है। योग करते हुए हमेशा सकारात्मक ऊर्जा का विशेष अनुभव होता है। ‘योग: कर्मसु कौशलम्’- योग हमें यह विश्वास देता है कि हम तन और मन दोनों से स्वस्थ रहकर जिस भी क्षेत्र में कार्यरत हैं, वहाँ अपनी पूर्ण क्षमता के साथ समाज और राष्ट्र की सेवा कर सकते हैं।”
वहीं, देशव्यापी समारोहों के हिस्से के रूप में पर्यटन मंत्रालय ने भारतीय पर्यटन विकास निगम (आईटीडीसी) और सार्वजनिक उद्यमों के स्थायी सम्मेलन (एससीओपीई) के सहयोग से नई दिल्ली के अशोक होटल में एक विशेष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया । इस कार्यक्रम में पर्यटन मंत्रालय, सार्वजनिक उद्यम विभाग, केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों (सीपीएसई) और अन्य हितधारकों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान (एमडीएनआईवाई) के विशेषज्ञ प्रशिक्षकों द्वारा संचालित योग सत्र में 10 से अधिक केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों के 150 से अधिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
इस वर्ष का विषय, “स्वस्थ आयु के लिए योग,” शारीरिक स्फूर्ति, मानसिक स्वास्थ्य, भावनात्मक लचीलापन और स्वस्थ दीर्घायु को बढ़ावा देने के लिए योग को रोजमर्रा की जिंदगी में एकीकृत करने के महत्व पर जोर देता है।
पर्यटन मंत्रालय के सचिव भुवनेश कुमार ने इस अवसर पर कहा कि योग भारत का विश्व को दिया गया एक शाश्वत उपहार है, जो मन, शरीर और आत्मा के बीच सामंजस्य को बढ़ावा देता है। ‘स्वस्थ आयु के लिए योग’ विषय स्वस्थ और अधिक संतुष्टिदायक जीवन को बढ़ावा देने वाली स्वास्थ्य संबंधी प्रथाओं को अपनाने के महत्व को रेखांकित करता है। यह देखकर खुशी होती है कि सार्वजनिक क्षेत्र के संगठन इस आंदोलन को अपनाकर और स्वस्थ समुदायों को प्रेरित करने के लिए एक साथ आ रहे हैं।
आपको बता दें कि पर्यटन और आतिथ्य शिक्षा क्षेत्र में उत्सवों का विस्तार करते हुए पर्यटन मंत्रालय के अधीन होटल प्रबंधन संस्थानों (आईएचएम) ने देश भर में योग सत्र और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए, जिनमें छात्रों, शिक्षकों और कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इन पहलों के माध्यम से संस्थानों ने युवा आतिथ्य पेशेवरों को व्यक्तिगत और व्यावसायिक जीवन दोनों में स्वास्थ्य को अभिन्न अंग के रूप में अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया।


